उत्तराखंड हलचल

जुलाई की शुरुआत में ही सेब के बागों पर तोतों का हमला, बागवानों की बढ़ी चिंता

जुलाई की शुरुआत में ही सेब के बागों पर तोतों का हमला, बागवानों की बढ़ी चिंता

देहरादून
  त्यूणी क्षेत्र में लो-हाईट और हाई-डेंसिटी सेब की फसल पर मंडरा रहा संकट, उद्यान विभाग से सहायता की मांगनीरज उत्तराखंडी  त्यूणी, देहरादून जुलाई के पहले सप्ताह में ही त्यूणी तहसील क्षेत्र के सेब उत्पादक किसानों के सामने अपनी तैयार होती फसल को बचाना बड़ी चुनौती बन गई है। इस बार क्षेत्र में तोतों के बढ़ते आतंक ने बागवानों की चिंता बढ़ा दी है। सुबह से शाम तक झुंड के झुंड तोते बगीचों में धावा बोल रहे हैं और सेबों को नुकसान पहुंचा रहे हैं। किसानों का कहना है कि यदि जल्द प्रभावी उपाय नहीं किए गए तो इस सीजन में उत्पादन पर बड़ा असर पड़ सकता है। त्यूणी तहसील क्षेत्र के अधिकांश किसान लो-हाईट और हाई-डेंसिटी किस्म के सेब का उत्पादन करते हैं। इन किस्मों की तुड़ाई सामान्यतः जुलाई के अंतिम सप्ताह से शुरू होती है, लेकिन इस बार फसल पूरी तरह तैयार होने से पहले ही तोतों ने बगीचों को अपना निशा...
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में कैबिनेट की महत्वपूर्ण बैठक सम्पन्न

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में कैबिनेट की महत्वपूर्ण बैठक सम्पन्न

देहरादून
उच्च शिक्षा, पर्यटन, स्कूली शिक्षा, वित्त, रोजगार, वन संरक्षण और प्रशासनिक सुधारों से जुड़े अनेक महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में आयोजित राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में प्रदेश के समग्र विकास, उच्च शिक्षा, पर्यटन, वित्तीय प्रशासन, युवाओं के रोजगार, वन संरक्षण और सुशासन को गति देने वाले अनेक महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी प्रदान की गई।पिथौरागढ़ में सीमान्त प्रौद्योगिकी संस्थान के विस्तार के लिए 14.857 हेक्टेयर भूमि हस्तांतरण को मंजूरी एआईसीटीई के मानकों के अनुरूप पिथौरागढ़ के मढ़धुरा में निर्माणाधीन नन्हीं परी सीमान्त प्रौद्योगिकी संस्थान के समुचित विकास के लिए कुल 14.857 हेक्टेयर भूमि तकनीकी शिक्षा विभाग के नाम हस्तांतरित करने का निर्णय लिया गया। इस भूमि पर शैक्षणिक भवन, छात्रावास, फैकल्टी आवास, खेल परिसर, ऑडिटोरियम और आधुनिक प्रय...
मौसम अलर्ट: 9-10 जुलाई को भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट, देहरादून में 9 जुलाई को स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र रहेंगे बंद

मौसम अलर्ट: 9-10 जुलाई को भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट, देहरादून में 9 जुलाई को स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र रहेंगे बंद

देहरादून
 हिमांतर ब्यूरो, देहरादून।उत्तराखंड में 09 एवं 10 जुलाई, 2026 को भारी से अत्यंत भारी वर्षा की संभावना को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी), देहरादून द्वारा जारी पूर्वानुमान के अनुसार प्रदेश के कई जनपदों में भारी वर्षा, आकाशीय बिजली चमकने तथा कहीं-कहीं अत्यधिक तीव्र वर्षा होने की आशंका है। इसे देखते हुए राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र (एसईओसी) ने सभी जिलाधिकारियों को आवश्यक एहतियाती एवं सतर्कता संबंधी दिशा-निर्देश जारी किए हैं। मौसम विभाग के अनुसार 09 जुलाई को देहरादून, टिहरी, पौड़ी, हरिद्वार, नैनीताल, ऊधमसिंह नगर एवं चम्पावत जनपदों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। वहीं उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, अल्मोड़ा, बागेश्वर एवं पिथौरागढ़ जनपदों में कहीं-कहीं भारी वर्षा की संभावना को देखते हुए येलो अलर्ट जारी किया गया है। इसी प्रकार 1...
वन महोत्सव सप्ताह के तहत राजकीय प्राथमिक विद्यालय पलना में हुआ वृक्षारोपण

वन महोत्सव सप्ताह के तहत राजकीय प्राथमिक विद्यालय पलना में हुआ वृक्षारोपण

अल्‍मोड़ा
  अल्मोड़ा। वन महोत्सव सप्ताह के अंतर्गत 01 जुलाई से 07 जुलाई तक वन क्षेत्र कोसी सिविल एवं सोयम वन प्रभाग, अल्मोड़ा द्वारा राजकीय प्राथमिक विद्यालय, पलना में वृक्षारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण के प्रति जनजागरूकता बढ़ाना तथा स्कूली बच्चों में प्रकृति के प्रति प्रेम और जिम्मेदारी की भावना विकसित करना था।कार्यक्रम के दौरान विद्यालय परिसर में विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाए गए। सभी छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक वृक्षारोपण में भाग लेते हुए पौधों की नियमित देखभाल और पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया। इस अवसर पर उपस्थित लोगों ने कहा कि वृक्ष न केवल पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ और सुरक्षित भविष्य की आधारशिला भी हैं। प्रधानाध्यापिका लता तिवारी ने कहा, "विद्यालय केवल शिक्षा का क...
गॉल ब्लैडर कैंसर: क्या रोकथाम की शुरुआत हमारी थाली से होती है?

गॉल ब्लैडर कैंसर: क्या रोकथाम की शुरुआत हमारी थाली से होती है?

इंटरव्‍यू, देहरादून
   क्या बढ़ते गॉल ब्लैडर के कैंसर के रोगियों की संख्या में कमी लाई जा सकती है? क्या गॉल ब्लैडर के कैंसर से बचा जा सकता है?वैद्य बालेन्दु प्रकाश पद्मश्री, आयुर्वेद चिकित्सक एवं शोधकर्ता भारत, विशेषकर उत्तर भारत के अनेक राज्यों में गॉल ब्लैडर (पित्ताशय) कैंसर एक गंभीर जनस्वास्थ्य चुनौती बनता जा रहा है। दुखद तथ्य यह है कि अधिकांश रोगियों में इसका पता तब चलता है, जब रोग काफी आगे बढ़ चुका होता है। परिणामस्वरूप उपचार जटिल, महंगा और सीमित सफलता वाला हो जाता है।ऐसे में सबसे महत्वपूर्ण प्रश्न यह है—क्या गॉल ब्लैडर कैंसर को रोका जा सकता है?मेरा मानना है कि इसका उत्तर “काफी हद तक हाँ” हो सकता है, यदि हम उपचार के साथ-साथ रोकथाम पर भी समान गंभीरता से कार्य करें।आधुनिक चिकित्सा विज्ञान यह स्वीकार करता है कि गॉल स्टोन (पित्त की पथरी), पित्ताशय की लंबे समय तक बनी रहने वाली सूजन, म...
दून घाटी और साइकिल: चुनौतियां एवं सम्भावनाएं विषय पर दून पुस्तकालय में मंथन

दून घाटी और साइकिल: चुनौतियां एवं सम्भावनाएं विषय पर दून पुस्तकालय में मंथन

देहरादून
हिमांतर ब्यूरो, देहरादूनदून पुस्तकालय एवं शोध केन्द्र की ओर से दून घाटी और साइकिलिंग पर एक व्याख्यान का आयोजन पहाड़ी पेडलर्स के सहयोग से किया गया। कार्यक्रम का विषय दून घाटी और साइकिल: चुनौतियां एवं सम्भावनाएं था । इसमें विडियो व स्लाइड चित्रों के माध्यम से शानदार प्रस्तुति दी गई। पहाड़ी पेडलर्स के गजेंद्र रमोला ने बताया कि देहरादून का इतिहास बिना साइकिल के अधूरा है। जब से साइकिल इजाद हुई देहरादून में साइकिल ही स्थानीय लोगो का आवागमन का मुख्य साधन था। सचित्र व्याख्यान द्वारा गजेंद्र ने बताया कि देहरादून में आज सबसे बड़ी समस्या जाम और बढ़ती गाड़ियों की है। उन्होंने कहा कि उनकी टीम पिछले पांच सालों से लगातार साइकिल संस्कृति को बढ़ावा दे रही है जिससे दून की अबोहवा स्वच्छ बनी रहे।देहरादून की सड़कों पर गाड़ियों का कितना दबाव है वो खुद आर टी ओ के आंकड़े बताते हैं। सन 2000 में दून की आबादी 6 लाख थी ...
नियुक्ति पत्र जनसेवा के संकल्प और सवा करोड़ उत्तराखंडवासियों के विश्वास का प्रतीक : मुख्यमंत्री

नियुक्ति पत्र जनसेवा के संकल्प और सवा करोड़ उत्तराखंडवासियों के विश्वास का प्रतीक : मुख्यमंत्री

उत्तराखंड हलचल
पीसीएस मुख्य परीक्षा-2024 के 182 तथा कृषि एवं कृषक कल्याण विभाग के 5 अभ्यर्थियों सहित 187 युवाओं को मिले नियुक्ति पत्र मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय स्थित मुख्य सेवक सदन में आयोजित कार्यक्रम में उत्तराखंड लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित पीसीएस मुख्य परीक्षा-2024 में चयनित 182 अभ्यर्थियों तथा कृषि एवं कृषक कल्याण विभाग में वैयक्तिक सहायक के पद पर चयनित 5 अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने सभी नवचयनित अभ्यर्थियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि नियुक्ति पत्र केवल सरकारी सेवा में प्रवेश का दस्तावेज नहीं, बल्कि सवा करोड़ उत्तराखंडवासियों के विश्वास, अपेक्षाओं और जनसेवा के संकल्प का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक अधिकारी की वास्तविक पहचान उसके पद से नहीं, बल्कि उसकी कार्यशैली, संवेदनशीलता और जनसेवा के प्रति समर्पण से ...
नंदादेवी राष्ट्रीय उद्यान में चतुर्थ जैव विविधता अनुश्रवण दशकीय अभियान सफलतापूर्वक संपन्न

नंदादेवी राष्ट्रीय उद्यान में चतुर्थ जैव विविधता अनुश्रवण दशकीय अभियान सफलतापूर्वक संपन्न

चमोली
 हिमांतर ब्यूरो, चमोलीयूनेस्को की विश्व प्राकृतिक धरोहर नंदादेवी राष्ट्रीय उद्यान में 7 से 28 जून तक आयोजित चतुर्थ नंदादेवी जैव विविधता अनुश्रवण दशकीय अभियान सफलतापूर्वक संपन्न हो गया। अभियान में शामिल वैज्ञानिकों, उत्तराखंड वन विभाग, भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) तथा राज्य आपदा प्रतिवादन बल (एसडीआरएफ) की संयुक्त टीम ने उच्च हिमालयी क्षेत्र की जैव विविधता, वनस्पतियों, वन्यजीवों और हिमनदों का विस्तृत अध्ययन कर महत्वपूर्ण वैज्ञानिक आंकड़े संकलित किए। अभियान के दौरान दल ने लाता गांव से सरसोपाताल बेस कैंप तक दुर्गम हिमालयी क्षेत्रों का भ्रमण किया। इस दौरान कैमरा ट्रैप, ड्रोन, रिमोट सेंसिंग, भौगोलिक सूचना प्रणाली (जीआईएस) तथा अन्य आधुनिक तकनीकों की सहायता से बुग्यालों, वृक्षरेखा, हिमनदों, दुर्लभ वनस्पतियों एवं वन्यजीवों का वैज्ञानिक आकलन किया गया।अध्ययन के दौरान हिमालयी ...
मौण मेला 2026: अगलाड़ नदी में 20 हजार लोगों ने किया सामूहिक मत्स्य आखेट

मौण मेला 2026: अगलाड़ नदी में 20 हजार लोगों ने किया सामूहिक मत्स्य आखेट

टिहरी गढ़वाल
  अगलाड़ नदी में आयोजित ऐतिहासिक मौण मेला 2026 में शामिल हुए हजारों लोग, 4 किमी तक चला सामूहिक मत्स्य आखेट  नीरज उत्तराखंडी, अगलाड़ (टिहरी गढ़वाल)उत्तराखंड की लोक संस्कृति में कई ऐसी परंपराएं हैं, जो अपनी विशिष्टता के कारण देशभर में अलग पहचान रखती हैं। टिहरी गढ़वाल की अगलाड़ नदी में आयोजित होने वाला ‘मौण मेला’ ऐसी ही एक अनूठी लोक परंपरा है। सामूहिक मत्स्य आखेट पर आधारित यह मेला शनिवार को हजारों लोगों की मौजूदगी में पूरे उत्साह और पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ संपन्न हुआ। लगभग 20 हजार लोगों की भागीदारी के साथ यह आयोजन एक बार फिर उत्तराखंड की जीवंत सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक बन गया। दोपहर एक बजे मौनकोट क्षेत्र से शुरू हुआ सामूहिक मत्स्य आखेट अगलाड़-यमुना संगम तक लगभग चार किलोमीटर की दूरी में चला। परंपरा के अनुसार सभी पानत्तीदारों की उपस्थिति में नदी में टिमरू का पाउडर...
रुद्रपुर में ‘खेत बचाओ अभियान’ का शुभारंभ, ₹369.66 करोड़ की विकास योजनाओं की सौगात

रुद्रपुर में ‘खेत बचाओ अभियान’ का शुभारंभ, ₹369.66 करोड़ की विकास योजनाओं की सौगात

उधमसिंह नगर
  केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने की किसानों के लिए बड़ी घोषणाएंहिमांतर ब्यूरो, रुद्रपुर  गांधी मैदान, रुद्रपुर में कृषि विभाग द्वारा आयोजित 'खेत बचाओ अभियान' का शुभारंभ केंद्रीय कृषि एवं कृषक कल्याण तथा ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, कृषि एवं कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी तथा जनपद प्रभारी मंत्री एवं परिवहन एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री प्रदीप बत्रा ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। इस अवसर पर ₹46.32 करोड़ की लागत से निर्मित 9 विकास कार्यों का लोकार्पण तथा ₹323.34 करोड़ की लागत के 32 विकास कार्यों का शिलान्यास किया गया। इस प्रकार कुल ₹369.66 करोड़ की विकास योजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास संपन्न हुआ।कार्यक्रम को संबोधित करते हुए केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि खेत बचेंगे तो जमीन बचेगी, जमीन बचेगी तो पृथ्वी बचेगी और पृथ...