
- हिमांतर ब्यूरो | नौगांव (उत्तरकाशी)
सहकारिता मंत्री की दो-दो घोषणाओं के बावजूद धारी कलोगी क्षेत्र में बैंक शाखा नहीं खुलने से स्थानीय लोगों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। क्षेत्र के ग्रामीण अब इस मुद्दे को लेकर महापंचायत बुलाने की तैयारी कर रहे हैं, जिसमें आगे के आंदोलन की रणनीति तय की जाएगी।
धारी कफनौल क्षेत्र के करीब दो दर्जन गांवों की लगभग 10 हजार की आबादी लंबे समय से बैंक शाखा खोलने की मांग कर रही है। ग्रामीणों का कहना है कि बैंक सुविधा उपलब्ध न होने के कारण छोटे-छोटे कार्यों के लिए भी उन्हें दूरस्थ कस्बों तक जाना पड़ता है। इससे किसानों, महिलाओं, बुजुर्गों, व्यापारियों और आम लोगों को लगातार कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि सहकारिता मंत्री ने सार्वजनिक मंचों से दो बार धारी कलोगी में बैंक शाखा खोलने की घोषणा की थी, लेकिन अब तक इस दिशा में कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। इससे क्षेत्र में सरकार के प्रति असंतोष बढ़ रहा है।
देवराना घाटी फल एवं सब्जी उत्पादक एसोसिएशन के अध्यक्ष जयेंद्र राणा तथा सामाजिक कार्यकर्ता रमेश इन्दवाण ने कहा कि क्षेत्र की जनता वर्षों से बैंक सुविधा की मांग कर रही है। उनका कहना है कि किसान, बागवान और छोटे व्यापारी बैंकिंग सेवाओं तथा सरकारी योजनाओं का लाभ लेने में दिक्कतें झेल रहे हैं। डिजिटल और बैंकिंग सुविधाओं की कमी आर्थिक गतिविधियों को भी प्रभावित कर रही है।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द बैंक शाखा नहीं खोली गई तो क्षेत्र में व्यापक जनआंदोलन शुरू किया जाएगा। इसके लिए शीघ्र महापंचायत आयोजित कर सभी गांवों के प्रतिनिधियों के साथ आगे की रणनीति तय की जाएगी।
क्षेत्र के कुछ भाजपा कार्यकर्ता भी अनौपचारिक रूप से मान रहे हैं कि यदि विधानसभा चुनाव से पहले बैंक शाखा नहीं खुली तो जनता की नाराजगी का राजनीतिक असर देखने को मिल सकता है। ग्रामीणों ने सरकार और सहकारिता विभाग से शीघ्र बैंक शाखा खोलने की मांग करते हुए कहा कि लगातार आश्वासन के बावजूद समाधान न होना जनता के विश्वास को प्रभावित कर रहा है।
