उत्तराखंड हलचल

‘अपनी धरोहर न्यास’ द्वारा हेमवती नंदन बहुगुणा विश्वविद्यालय श्रीनगर में आयोजित किया गया ‘धरोहर संवाद’

‘अपनी धरोहर न्यास’ द्वारा हेमवती नंदन बहुगुणा विश्वविद्यालय श्रीनगर में आयोजित किया गया ‘धरोहर संवाद’

उत्तराखंड हलचल
सी एम पपनैंश्रीनगर (गढ़वाल). उत्तराखंड की सामाजिक और सांस्कृतिक विरासत के साथ-साथ पर्यावरण के संरक्षण और संवर्धन तथा राज्य के प्रत्येक क्षेत्र में सर्वांगीण विकास हेतु चिंतित प्रबुद्ध जनों द्वारा वर्ष 2021 हरेला पर्व पर गठित सामाजिक संस्था 'अपनी धरोहर न्यास' से जुड़े प्रबुद्घ जनों द्वारा 22 और 23 जून को 'हिमालय जन कल्याण समिति' के सानिध्य में हेमवती नंदन बहुगुणा विश्वविद्यालय श्रीनगर (गढ़वाल) चौरास परिसर में 'धरोहर संवाद' का प्रभावशाली और ज्ञानवर्धक आयोजन का श्रीगणेश मुख्य अतिथि डॉ. धन सिंह रावत कैबिनेट मंत्री उत्तराखंड सरकार तथा एल पी जोशी महानिदेशक टिहरी डेम की अध्यक्षता तथा विशिष्ट अतिथियों में प्रमुख प्रो. दुर्गेश पंत महानिदेशक यूकांस्ट, डॉ. नीलांबर पांडे सेवानिवृत निर्देशक गृह मंत्रालय भारत सरकार, प्रोफेसर सतीश चंद्र सती विभागाध्यक्ष रसायन विज्ञान एच एन बी विश्व विद्यालय, प्रो. डी...
दून पुस्तकालय में ओडिया भाषा और लघु कथाएं विषय पर प्रस्तुति

दून पुस्तकालय में ओडिया भाषा और लघु कथाएं विषय पर प्रस्तुति

देहरादून
हिमांतर ब्यूरो, देहरादूनदून पुस्तकालय एवं शोध केंद्र की ओर से आज सांय उड़िया भाषा और उसके साहित्य विषय पर एक सत्र केंद्र के सभागार में आयोजित किया. इसका प्रारूप अम्मार नकवी द्वारा दृश्य-श्रव्य माध्यम से किया गया. भारतीय साहित्य की समृद्ध परंपरा को समझने और सराहने की श्रृंखला का यह सातवाँ सत्र था. सत्र की शुरुआत उड़ीसा के भौगोलिक और सांस्कृतिक क्षेत्र के परिचय और सामान्य रूप से धारणा के साथ हुई. बाद में धीरे-धीरे यह मगधी प्राकृत और गीत गोविंदा जैसे मध्ययुगीन ग्रंथों में इसके मूल और इसके विकास में गजपति साम्राज्य जैसी ऐतिहासिक साम्राज्यों की भूमिकाओं की ओर बढ़ गया. इसके बाद भाषा की संरचना पर ध्यान केंद्रित किया गया,जो कि बांग्ला और तेलुगु की तुलना में प्रभावशाली भाषाओं के रूप में है. अम्मार नक़वी ने ओडिया की उत्पत्ति सामान्य कुटिला/सिद्धम लिपि से कैसे हुई और कैसे इसकी शाखाएँ फैलीं, इसकि ...
शिकारू नाग महाराज के प्राकट्य स्थल शिकारू में नव निर्मित मंदिर की हुई भव्य प्राण प्रतिष्ठा

शिकारू नाग महाराज के प्राकट्य स्थल शिकारू में नव निर्मित मंदिर की हुई भव्य प्राण प्रतिष्ठा

उत्तरकाशी
देवदार,मोरु, बांज बुरांस के घने जंगल के बीच स्थित है देवता का प्राकट्य स्थलनीरज उत्तराखंडी, पुरोलापुरोला के जैसाण थोक, कमल सिराईं के शिकारू गांव में तीन दिनों तक चले यज्ञ-हवन व पूजन के बाद शिकारू नाग महाराज के नव निर्मित मंदिर की देव डोली के सानिध्य में भव्य प्राण प्रतिष्ठा की गई. शनिवार को पुरोला विकासखण्ड के ग्राम पंचायत करड़ा के शिकारू गांव में क्षेत्र के आराध्य देवता शिकारू नाग महाराज के प्राकट्य स्थल देवदार,मोरु के घने जंगल के बीच स्थित नव नवनिर्मित मंदिर की भव्य प्राण प्रतिष्ठा सम्पन्न की गई.मंदिर प्राण प्रतिष्ठा से पूर्व शिकारू के ग्रामीणों ने तीन दिनों तक यज्ञ-हवन पूजन कर धार्मिक तथा पारम्परिक अनुष्ठान किए छोटे से गांव के ग्रामीणों के इस भव्य आयोजन पर थोक के लोगों ने प्रसंसा की. देवता के पुजारियों,बाजीरो व क्षेत्र के बुजुर्गों के अनुसार शिकारू नाग देवता का प्राकट्य स्थ...
मुख्यमंत्री ने भराड़ीसैंण से दिया ”हर घर योग, हर जन निरोग” का संदेश

मुख्यमंत्री ने भराड़ीसैंण से दिया ”हर घर योग, हर जन निरोग” का संदेश

चमोली
गैरसैंण की धरती से मुख्यमंत्री का उदघोष : उत्तराखंड को बनाएंगे योग और वेलनेस की वैश्विक राजधानी मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को भराड़ीसैंण, गैरसैंण स्थित विधानसभा परिसर में 11वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में प्रतिभाग किया. मुख्यमंत्री ने इस दौरान योग गुरु पद्मश्री स्वामी भारत भूषण एवं 8 देशों के डेलिगेट्स के साथ योग किया. योग कार्यक्रम का शुभारंभ शंखनाद एवं वैदिक मंत्रोच्चार के साथ शुरू हुआ. इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने योग नीति पर आधारित पुस्तिका का विमोचन करते हुए राज्य में योग नीति का औपचारिक शुभारंभ भी किया. उन्होंने "एक वृक्ष, योग के नाम" कार्यक्रम के अंतर्गत विधानसभा परिसर में सेब का पौधा भी लगाया.इस दौरान मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि राज्य सरकार शीघ्र ही प्रदेश में आयुर्वेदिक एवं प्राकृतिक चिकित्सा, योग और आध्यात्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए ...
मुख्यमंत्री ने विदेशों से आए डेलिगेट्स के बीच बताई उत्तराखंड की विशेषताएं

मुख्यमंत्री ने विदेशों से आए डेलिगेट्स के बीच बताई उत्तराखंड की विशेषताएं

चमोली
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विदेशी मेहमानों का भराड़ीसैंण, में किया स्वागत प्रधानमंत्री का आयुष और वेलनेस सेक्टर के प्रति विशेष दृष्टिकोण उत्तराखण्ड को योग के वैश्विक केंन्द्र के रूप में उभरने का किया जा रहा है कार्यमुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को भराड़ीसैंण, गैरसैंण में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की पूर्व संध्या पर आयोजित कार्यक्रम में प्रतिभाग करते हुए सभी विदेशी राजनयिकों और सुप्रसिद्ध योगाचार्य का स्वागत किया. उन्होंने इस दौरान सभी को प्रतीक चिन्ह और उत्तराखंडी टोपी देकर सम्मानित भी किया. सीएम धामी ने मेक्सिको, फिजी, नेपाल, सूरीनाम, मंगोलिया, लातविया, श्रीलंका और रूस के उपस्थित राजदूत व अन्य उच्चधिकारियों का स्वागत करते हुए कहा कि देवभूमि उत्तराखंड योग और आयुष की वैश्विक राजधानी है. प्रधानमंत्री श्री नरेद्र मोदी जी के नेतृत्व और आग्रह पर पूरी दुनिया में अंतर्राष...
हिमालयी कला की नई आवाज़ बनता बंगाणी आर्ट फाउंडेशन

हिमालयी कला की नई आवाज़ बनता बंगाणी आर्ट फाउंडेशन

देहरादून
उभरते कलाकारों को मिल रहा है मंच, मार्गदर्शन और नया नज़रिया देहरादून. उत्तर भारत की पर्वतीय घाटियों से उठती कला की संभावनाओं को स्वर देने वाला एक नया आंदोलन आकार ले रहा है — बंगाणी आर्ट फाउंडेशन (BAF)। यह संस्था ना सिर्फ उभरते कलाकारों को मंच प्रदान कर रही है, बल्कि उन्हें रचनात्मक रूप से सक्षम बनाने का एक सांस्कृतिक अभियान भी चला रही है। उत्तराखंड, हिमाचल, लद्दाख और जम्मू-कश्मीर जैसे राज्यों के युवा कलाकारों को ध्यान में रखते हुए BAF ने मेंटरशिप, रेजिडेंसी, कार्यशालाओं और प्रदर्शनी जैसे कई कार्यक्रम शुरू किए हैं, जो अब स्थानीय प्रतिभा को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय कला जगत से जोड़ने का माध्यम बनते जा रहे हैं।‘पड़ाव’ बना कलाकारों की आत्मचिंतन यात्रा का प्रतीक BAF की प्रमुख पहल ‘पड़ाव’—एक रेजिडेंशियल मेंटरशिप कार्यक्रम—अब कलाकारों के लिए केवल एक कार्यशाला नहीं, बल्कि आत्मचिंतन और संवा...
मुख्यमंत्री ने किया पुरोला एवं यमुनोत्री विस क्षेत्र के विकास को ₹210 करोड़ से अधिक की 55 योजनाओं का शिलान्यास एवं लोकार्पण

मुख्यमंत्री ने किया पुरोला एवं यमुनोत्री विस क्षेत्र के विकास को ₹210 करोड़ से अधिक की 55 योजनाओं का शिलान्यास एवं लोकार्पण

उत्तरकाशी
पुरोला. मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को पुरोला में आयोजित जनहितकारी योजनाओं के भूमि पूजन,शिलान्यास व लोकार्पण कार्यक्रम में प्रतिभाग किया. मुख्यमंत्री ने विधानसभा पुरोला एवं यमुनोत्री क्षेत्र के विकास को समर्पित ₹210 करोड़ से अधिक की 55 योजनाओं का शिलान्यास एवं लोकार्पण किया. मुख्यमंत्री ने पुरोला में अनेक योजनाओं के साथ ही  उप जिला चिकित्सालय की आधारशिला रखकर भूमि पूजन किया. मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम स्थल पर विभिन्न विभागों द्वारा स्थापित विकास एवं जनसेवा से संबंधित स्टॉलों का भी अवलोकन किया तथा योजनाओं के लाभार्थियों से संवाद किया. स्थानीय जनप्रतिनिधियों एवं नागरिकों ने मुख्यमंत्री द्वारा उप जिला चिकित्सालय की सौगात देने पर उनका भव्य स्वागत किया और हर्ष व्यक्त किया. विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आज का दिन विकास की दृष्टि से ही नहीं, बल्कि राष्ट्रीय गौरव ...
पर्वतीय क्षेत्रों में आजीविका का एक बड़ा स्रोत है रिंगाल!

पर्वतीय क्षेत्रों में आजीविका का एक बड़ा स्रोत है रिंगाल!

चमोली
उर्गमघाटी : उत्तराखंड  के पर्वतीय क्षेत्रों में रिंगाल ( हिमालयी बांस- अरूंडीनेशिया फल्काटा)   आजीविका का एक बहुत बड़ा स्रोत है. रिंगाल लगभग 10वीं शताब्दी से पहाड़ के समाज को कृषि के योग्य बर्तन जैसे- सुप्पा, कंडा, चंगेरा, सोल्टा, तेथला और अनाज और बीज रखने के लिए क्वोन्ना आदि बनाने में प्रयोग किया जाता रहा है. वर्तमान में जनपद चमोली में कई स्थानों पर रिंगाल हश्तशिल्प  का निर्माण और उन पर आधारित स्वरोजगार संचालित होते हैं. उत्तराखंड बांस एवं रेशा विकास परिषद् और आगाज संस्था द्वारा वर्ष 2005 से जनपद चमोली में रिंगाल हश्तशिल्प  के कई शिक्षण प्रशिक्षण के कार्य किये गए. कालांतर में अलकनंदा स्वायत्त सहकारिता पीपलकोटी, हिमालय स्वायत्त सहकारिता पीपलकोटी ने रिंगाल हस्तशिल्प के अतिरिक्त प्राकृतिक रेशा- भांग और कंडाली के उत्पादों, के साथ-साथ, पूजा पाठ के मुखोटों के निर्माण के कार्यों को आगे बढाया....
कृषि मंत्री गणेश जोशी ने जरमोला राजकीय उद्यान किया स्थलीय निरीक्षण

कृषि मंत्री गणेश जोशी ने जरमोला राजकीय उद्यान किया स्थलीय निरीक्षण

उत्तरकाशी
मोरी. प्रदेश के कृषि एवं कृषक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने अपने तीन दिवसीय जनपद भ्रमण कार्यक्रम के तहत रविवार को जरमोला राजकीय उद्यान का स्थलीय निरीक्षण किया. उन्होंने उद्यान की भौगोलिक स्थिति, कृषि उत्पादन, बागवानी गतिविधियों और संसाधनों का बारीकी से अवलोकन किया. निरीक्षण के दौरान मंत्री जोशी ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि उद्यान को मॉडल कृषि केंद्र के रूप में विकसित किया जाए, ताकि आसपास के किसान नवीनतम कृषि तकनीकों से लाभान्वित हो सकें. उन्होंने कहा कि सरकार पर्वतीय क्षेत्रों की कृषि को आत्मनिर्भर और वैज्ञानिक बनाने के लिए प्रतिबद्ध है और जरमोला उद्यान को एक आदर्श मॉडल के रूप में विकसित किया जाएगा. मंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे किसानों को नवीनतम कृषि तकनीकों से जोड़ें और उद्यान के माध्यम से प्रशिक्षण कार्यक्रमों का आयोजन सुनिश्चित करें. इस अवसर पर स्थानीय विधायक दु...
कृषि मंत्री गणेश जोशी ने मोरी के गैचवाण गांव में काश्तकारों से की मुलाकात, सेब बागान का किया निरीक्षण

कृषि मंत्री गणेश जोशी ने मोरी के गैचवाण गांव में काश्तकारों से की मुलाकात, सेब बागान का किया निरीक्षण

उत्तरकाशी
हिमांतर ब्यूरोप्रदेश के कृषि एवं कृषक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने अपने तीन दिवसीय जनपद भ्रमण कार्यक्रम के दूसरे दिन रविवार को सुदूरवर्ती मोरी ब्लॉक स्थित गैंचवांण गांव का दौरा किया. इस अवसर पर उन्होंने स्थानीय काश्तकारों से सीधा संवाद स्थापित किया और क्षेत्र में सेब के बागानों का स्थलीय निरीक्षण भी किया और किसानों द्वारा अपनाई जा रही उन्नत बागवानी तकनीकों की सराहना की. मंत्री ने ग्रामीणों से बातचीत के दौरान क्षेत्र की कृषि और बागवानी संबंधी समस्याओं को गंभीरता से सुना और समाधान हेतु तत्परता जताई.उन्होंने कहा कि उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों में सेब उत्पादन की अपार संभावनाएं हैं, और सरकार किसानों को हर संभव सहयोग प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है.उन्होंने कहा कि उत्तरकाशी जैसे सीमांत क्षेत्र में किसानों द्वारा किया जा रहा सेब उत्पादन राज्य के लिए एक सकारात्मक संकेत है. उन्होंने कहा कि...