Author: Himantar

हिमालय की धरोहर को समेटने का लघु प्रयास
युवा लेखकों से दूर होती हिन्दी की साहित्यिक पत्रिकाओं पर छलका युवा लेखक का दर्द, दे डाली ये सलाह

युवा लेखकों से दूर होती हिन्दी की साहित्यिक पत्रिकाओं पर छलका युवा लेखक का दर्द, दे डाली ये सलाह

सोशल-मीडिया
Hindi literary magazines: क्या गैंगबाज़ी, अड़ियल रवैये, सुप्रेमेसी और संवादहीनता ने हिन्दी की साहित्यिक पत्रिकाओं को दोयम दर्जे पर पहुंचा दिया है. उन्हें युवा लेखकों से दूर कर दिया है. हिन्दी साहित्य की प्रतिष्ठित पत्रिकाएं अगर लेखकों को एक-एक साल तक इंतजार करवाये और सालों तक उनके मेल का जवाब तक न दें, तो यह वाकई युवाओं के लिए चिंता का विषय है. इसका मुखरता से विरोध होना चाहिए. एक तरफ बढ़ते डिजिटल प्रभाव के कारण हिन्दी की साहित्यिक पत्रिकाएं वैसे ही सिमट चुकी हैं, ऊपर से रचना भेजने वाले युवाओं को अगर जवाब तक न दें, तो इससे उनका दायरा और सिमटेगा ही. पढ़िये युवा लेखक और पत्रकार ललित फुलारा (Lalit Fulara Pain for Hindi literary magazines) का हिन्दी की साहित्यिक पत्रिकाओं को लेकर छलका दर्द, जो उन्होंने अपने फेसबुक पेज पर साझा किया है.एक वक़्त था जब हिन्दी की साहित्यिक पत्रिकाओं के प्रति...
UKSSSC भर्ती घोटला: हाईकोर्ट ने सीबीआई जांच की मांग ठुकराई!

UKSSSC भर्ती घोटला: हाईकोर्ट ने सीबीआई जांच की मांग ठुकराई!

नैनीताल
नैनीताल हाईकोर्ट (Nainital High Court) ने उत्तराखंड में हुए यूकेएसएसएससी (UKSSSC) भर्ती घोटाले को लेकर विधायक और कांग्रेस नेता भुवन कापड़ी की सीबीआई (CBI) जांच की मांग की याचिका को खारिज कर दिया. बुधवार को हाईकोर्ट के न्यायधीश संजय मिश्रा की खंडपीठ में मामले की सुनवाई हुई. सुनवाई के दौरान कोर्ट राज्य सरकार की ओर से इस मामले में की जा रही जांच से संतुष्ट थी. कोर्ट ने माना कि जब राज्य सरकार ने भर्ती घोटाले मामले में एक के बाद एक गिरफ्तारियां की हैं और मामले की जांच चल रही है तो ऐसे में सीबीआई जांच का कोई औचित्य नहीं है. सुनवाई के दौरान कोर्ट ने माना कि जब राज्य सरकार ने भर्ती घोटाले मामले में एक के बाद एक गिरफ्तारियां की हैं और मामले की जांच चल रही है तो ऐसे में सीबीआई जांच का कोई औचित्य नहीं है. लिहाजा कोर्ट में कापड़ी की याचिका को ठुकरा दिया. इस मामले में कोर्ट ने 12 अक्टूबर को सुनवाई के बा...
जौनसारी-बावरी कवि सम्मेलन : पलायन की पीड़ा पर्यावरण संरक्षण का संदेश सहित भ्रष्टाचार व राजनीति पर कसे तंज

जौनसारी-बावरी कवि सम्मेलन : पलायन की पीड़ा पर्यावरण संरक्षण का संदेश सहित भ्रष्टाचार व राजनीति पर कसे तंज

देहरादून
हिमांतर ब्यूरो, विकासनगरजौनसारी बोली को भाषा का दर्जा दिलाने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका अदा करने वाले जौनसारी कवि रत्न स्वर्गीय रतन सिंह जौनसारी व पं शिव राम शर्मा का भावपूर्ण स्मरण के साथ रवांल्टी बोली भाषा की भांति विगत रविवार को  विकास नगर के जौनसार बावर भवन में प्रथम  जौनसारी बावरी बोली भाषा का कवि सम्मेलन मुख्य अतिथि पदम श्री प्रेम चंद शर्मा की  गरिमामयी उपस्थिति में आयोजित किया गयाl देर से आए पर दुरूस्त की यह अभिनव पहल लोक बोली भाषा को बचाने में अहम भूमिका  अदा करेगी.सम्मेलन में लोक भाषा के 8 कवियों ने भाग लिया और कविता के माध्यम से जौनसारी  रीति-रिवाजों पलायन की पीड़ा पर्यावरण संरक्षण का संदेश सहित भ्रष्टाचार व राजनीति पर तंज कसे तो वही हास्य व श्रृंगार रस की कविता पढ़ कर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर हंसने गुदगुदाने को मजबूर किया. मुख्य अतिथि पदम श्री प्रेम चंद शर्मा ने अपने कव...
UKSSSC नए अध्यक्ष होंगे पूर्व आईपीएस अधिकारी गणेश सिंह मर्तोलिया

UKSSSC नए अध्यक्ष होंगे पूर्व आईपीएस अधिकारी गणेश सिंह मर्तोलिया

देहरादून
हिमांतर ब्यूरो, देहरादूनउत्तराखंड के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह ने पूर्व आईपीएस अधिकारी गणेश सिंह मर्तोलिया को UKSSSC का नया अध्यक्ष नियुक्त किये जाने की सहर्ष स्वीकृति प्रदान कर दी है. इस बात की जानकारी सचिव शैलेश बगौली ने पत्र जारी करके दी.पूर्व आईपीएस अधिकारी गणेश सिंह मर्तोलिया उत्तराखंड पुलिस में आईजी के पद से रिटायर हुए है. उनकी पहचान एक ईमानदार और तेज़ तर्रार अधिकारी के रूप में होती है. वह इससे पहले जनजाति आयोग के उपाध्यक्ष पद पर तैनात रहे है.केदारनाथ आपदा के बाद उन्होंने केदारनाथ के पुनर्निर्माण में एक अहम भूमिका निभाई. उन्होंने कर्नल अजय कोठियाल के साथ मिलकर केदारनाथ की विषम परिस्तथियों के बावजूद भी यहां पर पुनर्निर्माण के काम को जारी रखा. यहां पर भारी बर्फबारी के बावजूद भी वह लगातार यहां पर पुनर्निर्माण के कार्यों में लगे रहे.सेवानिवृत्ति के बाद वह लगातार...
तनाव और अवसाद से ग्रस्त होना आज आम हो गया!

तनाव और अवसाद से ग्रस्त होना आज आम हो गया!

साहित्‍य-संस्कृति
विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस (1 0 अक्टूबर) पर विशेष  गिरीश्वर मिश्र ‘जीवेम शरद: शतम्’! भारत में स्वस्थ और सुखी सौ साल की जिंदगी की आकांक्षा के साथ सक्रिय जीवन का संकल्प लेने का विधान बड़ा पुराना  है. पूरी सृष्टि में मनुष्य अपनी कल्पना शक्ति और बुद्धि बल से सभी प्राणियों में उत्कृष्ट है. वह इस जीवन और जीवन के परिवेश को रचने की भी क्षमता रखता है. साहित्य, कला, स्थापत्य, और ज्ञान के विभिन्न क्षेत्रों में उसकी विराट उपलब्धियों को देख कर कोई भी चकित हो जाता है. यह सब तभी सम्भव है जब जीवन हो और वह भी आरोग्यमय हो. परन्तु लोग स्वास्थ्य पर तब तक  ध्यान नहीं देते  जब तक कोई कठिनाई न आ जाय. दूसरों से तुलना करने और अपनी  बेलगाम होती जरूरतों और महत्वाकांक्षाओं के बदौलत तरह-तरह, चिंता कष्ट, तनाव और अवसाद से ग्रस्त होना आज आम बात हो गयी है. मुश्किलों के आगे घुटने टेक कई लोग तो जीवन से ही निराश हो बैठ...
UKSSSC पेपर लीक मामले में STF ने पूर्व चेयरमैन आरबीएस रावत, सचिव मनोहर कन्याल, पूर्व परीक्षा नियंत्रक आरएस पोखरिया को किया गिरफ़्तार

UKSSSC पेपर लीक मामले में STF ने पूर्व चेयरमैन आरबीएस रावत, सचिव मनोहर कन्याल, पूर्व परीक्षा नियंत्रक आरएस पोखरिया को किया गिरफ़्तार

देहरादून
हिमांतर वेब डेस्क, देहरादूनराज्य में भर्ती परीक्षाओं में हुई धाँधलियों पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के जीरो टॉलरेंस के सिद्धांत का पालन करते हुए उत्तराखंड एसटीएफ़ ने बड़ी कार्रवाई की है  यूकेएससीसी द्वारा 2016 में कराई गई वीपीडीओ भर्ती परीक्षा में धांधली की जाँच में आज आरबीएस रावत पूर्व चेयरमैन, सचिव मनोहर कन्याल, पूर्व परीक्षा नियंत्रक आरएस पोखरिया को गिरफ़्तार कर लिया गया है.   यह भर्ती परीक्षा प्रकरण में अब तक की सबसे बड़ी कार्यवाही है . 2016 के मामले में लंबे समय से जाँच चल रही थी लेकिन मुख्यमन्त्री के कड़े रुख़ के बाद  जाँच एजेंसियों ने भी तेज़ी दिखाई. मुख्यमंत्री धामी पिछले कई अवसरों पर बार बार कह रहे हैं कि वो अपने युवा भाई बहनों के साथ अन्याय नहीं होने देंगे, सरकारी नौकरियों की भर्ती में भ्रष्टाचार का जो दीमक लगा है उसे वे जड़ से मिटा देंगे.  इस क्रम में वीपीडीओ भर्ती में...
15 करोड़ का बजट जारी, देहरादून में बनेगी देश की पांचवीं साइंस सिटी

15 करोड़ का बजट जारी, देहरादून में बनेगी देश की पांचवीं साइंस सिटी

देहरादून
हिमांतर वेब डेस्क, देहरादूनदेहरादून में साइंस सिटी का निर्माण जल्द ही शुरू होने जा रहा है इसके लिए बजट भी मंजूर हो गया है. इस साइंस सिटी का निर्माण देहरादून के झाझरा में किया जाएगा. अभी यहां पर विज्ञान धाम के रूप में रीजनल साइंस सेंटर चल रहा है. इस साइंस सिटी को बनाने के लिए 60% बजट केंद्रीय संस्कृति मंत्रालय वहन करेगा, जबकि 40% बजट राज्य सरकार मुहैया कराएगी. नए साइंस सिटी के निर्माण के लिए उत्तराखंड सरकार ने बजट जारी कर दिया है इसके पहले चरण के लिए 15 करोड़ का बजट जारी किया गया है इस बजट को जारी करने में सीएम धामी ने मुख्य भूमिका निभाई. इस समय विज्ञान एवं प्रोद्योगिकी विभाग उन्हीं के पास है और इस बारे में लगातार केंद्र सरकार के संपर्क में थे और इस परियोजना को लेकर लगातार केंद्र सरकार से बातचीत कर रहे थे. प्रोफेसर दुर्गेश पंत के अनुसार केंद्र सरकार ने चार साल पहले ही साइंस सिटी की मंज...
पीपलकोटी : प्रशिक्षणार्थियों ने बनाये सुंदर, आकर्षक लैम्प शेड, बैग, डलिया और गिफ्ट बैग

पीपलकोटी : प्रशिक्षणार्थियों ने बनाये सुंदर, आकर्षक लैम्प शेड, बैग, डलिया और गिफ्ट बैग

चमोली
ग्रोथ सेंटर में 60 दिवसीय रिंगाल हस्तशिल्प प्रशिक्षण कार्यक्रम सम्पन्नहिमांतर ब्यूरो, चमोलीपीपलकोटी स्थित रिंगाल एवं वुडक्राफ्ट ग्रोथ सेंटर में जिला उद्योग केन्द्र एवं उद्योग निदेशालय द्वारा हिमालयी स्वायत्त सहकारिता के माध्यम से संचालित 60 दिवसीय रिंगाल हस्तशिल्प प्रशिक्षण कार्यक्रम सफलता पूर्वक सम्पन्न हुआ. प्रशिक्षण कार्यक्रम के समापन के अवसर पर जनपद चमोली के जिलाधिकारी प्रतिनिधि बतौर विशिष्ट अतिथि बोलते हुए प्रभारी महा प्रबंधक जिला उद्योग केन्द्र चमोली विक्रम सिंह कुंवर ने कहा कि रिंगाल हस्तशिल्प के प्रोत्साहन हेतु संचालित यह प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रदेश के विकास में मील का पत्थर साबित होगा. इससे न केवल आर्थिक रूप से कमजोर माने जाने वाले हस्तशिल्पी परिवारों को सतत् रोजगार मिलेगा नहीं बल्कि उनके जीवन में उन्नति के नये द्वार खुलेंगे.उद्योग विभाग द्वारा ग्रोथ सेंटर पीपलकोटी के...
स्वराज का बिम्ब और स्वदेशी का संकल्प

स्वराज का बिम्ब और स्वदेशी का संकल्प

साहित्‍य-संस्कृति
प्रो. गिरीश्वर मिश्र  सन 1909 में लंदन से दक्षिण अफ़्रीका को लौटते हुए गांधी जी ने तब तक के अपने सामाजिक-राजनैतिक विचारों को सार रूप में गुजराती में दर्ज किया जिसे ‘हिंद स्वराज’ शीर्षक से प्रकाशित किया जिसे बंबई की सरकार ने ज़ब्त कर लिया. फिर जब गांधी जी 1915 में दक्षिण अफ़्रीका का कार्य पूरा कर भारत लौटे तब इस पुस्तिका को अंग्रेज़ी में छपाया. इस बार सरकार ने विरोध नहीं किया और यह पढ़ने के लिए सब को उपलब्ध हो गयी. इसे लेकर देश-विदेश में सकारात्मक और नकारात्मक दोनों तरह की आकोचनाएँ होती रहीं. खुद गांधी जी के शब्दों में ‘इसके विचार उनकी आत्मा में गढ़े-जड़े हुए’ से थे. सन 1938 में सेवाग्राम, वर्धा में आर्यन पथ नामक पत्रिका में अंग्रेज़ी में इसके प्रकाशन के अवसर पर उन्होंने कहा था कि ‘इसे लिखने के बाद तीस साल मैंने अनेक आँधियों में बिताए हैं, उनमें मुझे इस पुस्तक में फेर बदल करने का कुछ भी का...
सांस्कृतिक मुखौटों के शौकीन हैं देश के नए सीडीएस!

सांस्कृतिक मुखौटों के शौकीन हैं देश के नए सीडीएस!

देहरादून
पौड़ी गढ़वाल के लेफ्टिनेंट जनरल (रि.) अनिल चौहान बने देश के नए सीडीएस लेफ्टिनेंट जनरल (रि.) अनिल चौहान को केंद्र सरकार ने नया चीफ ऑफ डिफेंस नियुक्त किया है. इससे पहले जनरल बिपिन रावत 31 दिसम्बर 2019 भारत के पहले सीडीएस बने थे. जनरल  रावत की एक हेलीकॉप्टर दुर्घटना में मृत्यु हो गई थी उस समय उनके साथ उनकी पत्नी मधुलिका रावत समेत 12 सुरक्षा कर्मियों की मौत हो गई थी. जबकि एक सुरक्षा अधिकारी की मृत्यु बाद में हुई. जनरल बिपिन रावत मृत्यु के बाद यह पद काफी महीनों तक खाली पड़ा था. लेफ्टिनेंट जनरल अनिल चौहान इससे पहले नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल में सैन्य सलाहकार की अहम जिम्मेदारी निभा रहे हैं. वह सेना के पूर्वी कमान का जनरल ऑफिसर कमांडिंग इन चीफ रहे हैं. उन्हें साल 2019 में यह जिम्मेदारी दी गई थी. चीन के साथ चल रहे गतिरोध को देखते हुए देश की पूर्वी कमान का काम काफी अहम होता है. ऐसे में बहुत नाजुक हाला...