Blog

विद्या के परिसर में सीखने-सिखाने की संस्कृति बहाल की जाए!

विद्या के परिसर में सीखने-सिखाने की संस्कृति बहाल की जाए!

साहित्‍य-संस्कृति
प्रो. गिरीश्वर मिश्र  कहा जाता है धरती पर ज्ञान जैसी कोई दूसरी पवित्र वस्तु नहीं है. भारत में प्राचीन काल से ही न केवल ज्ञान की महिमा गाई जाती रही है बल्कि उसकी साधना भी होती आ रही है. इस बात का असंदिग्ध प्रमाण देती है काल के क्रूर थपेड़ों के बावजूद अभी भी शेष बची विशाल ज्ञानराशि. अनेकानेक ग्रंथों तथा पांडुलिपियों में उपस्थित यह विपुल सामग्री भारत की वाचिक परम्परा की अनूठी उपलब्धि के रूप में वैश्विक स्तर पर अतुलनीय और आश्चर्यकारी है. यह हमारे लिए सचमुच गौरव का विषय है कि आज जैसी उन्नत संचार तकनीकी के अभाव में भी मानव स्मृति में भाषा के कोड में संरक्षित हो कर यह सब जीवित रह सका. इस परम्परा में मनुष्य के जीवन में होने वाले आरम्भ में विकास और उत्तर काल में ह्रास की अकाट्य सच्चाई को स्वीकार करते हुए मनुष्य को जीने के लिए तैयार करने की व्यवस्था की गई थी. ज्ञान केंद्रित भारतीय संस्कृति के अंतर...

उत्तराखंड: सुख, समृद्धि, शान्ति, पर्यावरण और प्रकृति संरक्षण का प्रतीक है हरेला : CM धामी

Uncategorized
उत्तराखंड: सुख, समृद्धि, शान्ति, पर्यावरण और प्रकृति संरक्षण का प्रतीक है हरेला : CM धामीदेहरादून: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रविवार को हरेला पर्व के अवसर पर अन्तरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम, महाराणा प्रताप स्पोर्ट्स कॉलेज, रायपुर में ‘जल संरक्षण एवं जल धाराओं के पुनर्जीवन’ थीम पर आयोजित कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने पौधे लगाए। मुख्यमंत्री ने पर्यावरण संरक्षण की दिशा में सराहनीय प्रयास करने वाले स्कूलों एवं वन पंचायतों को सम्मानित भी किया। मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों को हरेला पर्व की शुभकामनाएं दी और सबके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि हरेला पर्व सुख, समृद्धि, शान्ति, पर्यावरण और प्रकृति संरक्षण का प्रतीक है। यह पर्व सामाजिक सद्धभाव का पर्व एवं ऋतु परिर्वतन का भी सूचक है। यह दिवस प्रकृति व मानव के सह अस्तित्व को स्मरण करने व प्रकृति संरक्षण के हमा...

उत्तराखंड: 110 रुपये से महंगा नहीं बेच पाएंगे टमाटर, होगी कार्रवाई

Uncategorized
उत्तराखंड: 110 रुपये से महंगा नहीं बेच पाएंगे टमाटर, होगी कार्रवाईदेहरादून: इन दिनों लोग महंगाई की मार से जूझ रहे हैं। टमाटर और सब्जियों के दाम आसमान छू रहे हैं। खासकर टमाटर राजधानी देहरादून से लेकर पहाड़ तक ₹200 के पार पहुंच चुका है। लगातार बढ़ रहे दामों के कारण लोगों की थाली का स्वाद भी बिगड़ गया है और रसोई का बजट भी पहुंच से बाहर हो गया है। ऐसे में देहरादून जिला प्रशासन ने आदेश जारी कर दिया है, जिसमें कहा गया है कि टमाटर ₹110 से अधिक बेचने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। देखना यह होगा कि प्रशासन का यह आदेश कितना कारगर और असरकार साबित होता है। अगर ऐसा हुआ तो लोगों को महंगाई से कुछ राहत मिली सकती है। आदेश का पालन कराने के लिए रेट की समीक्षा के लिए एक समिति का भी गठन किया गया है।उत्तराखंड: 110 रुपये से महंगा नहीं बेच पाएंगे टमाटर, होगी कार्रवाई...

सीएम धामी ने किया रजिस्ट्रार ऑफिस का औचक निरीक्षण, जिलाधिकारी को दिए ये निर्देश..

Uncategorized
सीएम धामी ने किया रजिस्ट्रार ऑफिस का औचक निरीक्षण, जिलाधिकारी को दिए ये निर्देश.. देहरादून: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को देहरादून कलेक्ट्रेट स्थित रजिस्ट्रार ऑफिस का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने रजिस्ट्रार ऑफिस में संचालित जमीनों की रजिस्ट्री की प्रक्रियाओं एवं रिकॉर्ड रूम का अवलोकन कर जिलाधिकारी देहरादून को निर्देश दिये कि जमीन के दस्तावेजों में भविष्य में किसी प्रकार की गड़बड़ी न हो इसकी कारगर व्यवस्था बनाई जाए। उन्होने जिलाधिकारी को निर्देश दिये कि भूमि के दस्तावेजों में फर्जीवाड़ा करने वालों के विरूद्ध सख्त कारवाई की जाए, ताकि भविष्य में इसकी पुनरावृत्ति न हो। इसके लिए व्यवस्थाओं में जो भी सुधारात्मक कदम उठाये जाने हैं, वो उठाये जाएं। मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारी देहरादून को जिले में जमीनों के रिकॉर्ड की सुरक्षा के दृष्टिगत रजिस्ट्रार ऑफिस की सभी व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने के निर्...

स्वास्थ्य मंत्रालय के दो दिवसीय स्वास्थ्य चिंतन शिविर का समापन

Uncategorized
स्वास्थ्य मंत्रालय के दो दिवसीय स्वास्थ्य चिंतन शिविर का समापन आइए हम सभी अपनी केंद्रित नीतियों के माध्यम से यह सुनिश्चित करने का संकल्प लें कि हम राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों को आयुष्मान भारत कार्ड और आयुष्मान भारत स्वास्थ्य खाता आईडी से संतृप्त करेंगे; देश से कुष्ठ रोग, काला अजार और मलेरिया को खत्म करें और राज्यों को भी टीबी मुक्त बनाएं: डॉ. मनसुख मांडविया “आइए हम राज्यों के स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए दूरदर्शी रोडमैप बनाने का संकल्प लें जो अमृत काल के दौरान देश की स्वास्थ्य सेवा प्रणाली को और मजबूत करने और इसे आम आदमी के लिए अधिक सुलभ और किफायती बनाने में हमारा मार्गदर्शन करेगा” चिंतन शिविर राज्यों के बीच संवाद की शुरुआत करता है, और मेरा मानना है कि इन विचार-विमर्शों से देश में स्वास्थ्य सेवा प्रावधान में मजबूत परिणाम मिल सकते हैं: एसपी सिंह बघेल “जब हम इस गहन चिंतन शिविर से अपने राज्यो...

सीएम धामी की मन्त्रीगणों से अपील – अपने जनपदों में बचाव के कार्यों को और अधिक प्रभावी बनाएं

Uncategorized
सीएम धामी की मन्त्रीगणों से अपील – अपने जनपदों में बचाव के कार्यों को और अधिक प्रभावी बनाएं देहरादून: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने समस्त मन्त्रीगणों से अपने-अपने प्रभार के जनपदों में प्रवास कर राहत एवं बचाव के कार्यों को और अधिक प्रभावी बनाने की अपेक्षा की है। विदित है कि वर्तमान में राज्य में निरन्तर भारी वर्षा के कारण जगह-जगह आपदा की स्थिति उत्पन्न हुई है और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशों के अनुसार शासन व प्रशासन के सम्बन्धित अधिकारी/कर्मचारी राहत व बचाव कार्यों में तत्परता से लगे हैं। इस सम्बन्ध में मुख्यमंत्री श्री धामी द्वारा आपदा के दौरान राहत एवं बचाव कार्यों को और अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से सभी मंत्रीगणों को अपने-अपने जनपदों में प्रवास कर राहत एवं बचाव कार्यों को अधिक प्रभावी बनाने की अपेक्षा की है।The post सीएम धामी की मन्त्रीगणों से अपील – अपने जनपदों में ब...
सिर्फ सेल्फ़ी के लिए नहीं, अब पौधे ग्रीन क्रेडिट के लिए लगाएं

सिर्फ सेल्फ़ी के लिए नहीं, अब पौधे ग्रीन क्रेडिट के लिए लगाएं

पर्यावरण
भारत सरकार के पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय ने 'ग्रीन क्रेडिट प्रोग्राम (जीसीपी)' कार्यान्वयन नियमों के मसौदे को सार्वजनिक करते हुए एक बेहतर और पर्यावरण हित में एक साहसिक कदम उठाया है. इस अभूतपूर्व पहल का उद्देश्य एक प्रतिस्पर्धी बाज़ार का लाभ उठाते हुए उसमें शामिल विभिन्न हितधारकों द्वारा स्वैच्छिक पर्यावरणीय कार्यों को प्रोत्साहित करना है. ग्रीन क्रेडिट कार्यक्रम शुरू करके, सरकार घरेलू कार्बन बाजार का पूरक बनाना चाहती है और कंपनियों, व्यक्तियों और स्थानीय निकायों को 'ग्रीन क्रेडिट' नामक प्रोत्साहन की एक अनूठी इकाई के माध्यम से उनके द्वारा किए गए पर्यावरण के संदर्भ में टिकाऊ या सस्टेनेब्ल कार्यों के लिए पुरस्कृत करना चाहती है.क्या है नया? पारंपरिक कार्बन क्रेडिट प्रणालियों के विपरीत, ग्रीन क्रेडिट सिस्टम पर्यावरणीय दायित्वों की एक विस्तृत श्रृंखला को शामिल करने के लिए CO2 ...

अचानक रजिस्ट्री कार्यालय पहुंचे CM धामी, इस मामले का लिया संज्ञान

Uncategorized
अचानक रजिस्ट्री कार्यालय पहुंचे CM धामी, इस मामले का लिया संज्ञानदेहरादून : CM धामी ने रजिस्ट्रार कार्यालय के रिकॉर्ड रूम में हुई गड़बड़ियों और रजिस्ट्रियों में की जाने वाली छेड़छाड़ का संज्ञान लिया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी आज कलक्ट्रेट स्थित रजिस्ट्री कार्यालय का औचक निरीक्षण करने पहुंचे। उनके यहां पहुंचते ही विभाग में हड़कंप मच गया। शनिवार दोपहर बाद सीएम धामी रजिस्ट्री कार्यालय के औचक निरीक्षण पर पहुंचे। यहां उन्होंने रजिस्ट्री कार्यालय की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान जिलाधिकारी देहरादून सोनिका भी मौजूद रहीं।  अचानक रजिस्ट्री कार्यालय पहुंचे CM धामी, इस मामले का लिया संज्ञान...

उत्तराखंड : दर्दनाक हादसा, तीन की मौत, 10 लोग थे सवार

Uncategorized
उत्तराखंड : दर्दनाक हादसा, तीन की मौत, 10 लोग थे सवारचमोली : कर्णप्रयाग-ग्वालदम मोटर मार्ग पर तलवाड़ी के पास घनियालधार में एक बोलेरो दुर्घटनाग्रस्त होकर 500 मीटर गहरी खाई में गिर गई। दुर्घटना में दो लोगों की घटना स्थल पर मौत हो गई है। जबकि एक की मौत अस्पताल ले जाते वक्त हुई। वहीं, आठ लोग घायल हो गए हैं। घायलों में चार लोगों की हालत गंभीर बनी है। उन्हें PHC में प्राथमिक इलाज के बाद हायर सेंटर बैजनाथ अस्पताल भेज दिया गया है। सूचना मिलते ही पुलिस और तहसील प्रशासन की टीम घटनास्थल पर पहुंची और ग्रामीणों की सहायता से घायलों को सड़क पर लाकर 108 वाहन से नजदीकी पीएचसी ग्वालदम लाया गया है। जहां पर प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर रूप से घायल चार लोगों को सीएचसी बैजनाथ रेफर कर दिया गया है। घायलों की सूचीरोहित पुत्र गंभीर सिंह शाह उम्र 28 वर्ष चालक ग्राम बेनोली थराली. प्रवीन पुत्र अशोक कुमार मयूर विहार फ...

विपरीत और चुनौतीपूर्ण मौसम में उत्तराखंड की लाइफ लाइन बनी है एसडीआरएफ : कमांडेंट मणिकांत मिश्रा

Uncategorized
विपरीत और चुनौतीपूर्ण मौसम में उत्तराखंड की लाइफ लाइन बनी है एसडीआरएफ : कमांडेंट मणिकांत मिश्रा देहरादून : उत्तराखंड में एक ओर मानसून के आगमन के साथ ही भारी बारिश और मौसम से बिगड़ी स्थिति के कारण कई क्षेत्र जल और प्राकृतिक आपदा से ग्रस्त हैं , वहीं दूसरी ओर State Disaster Response Force (SDRF) राज्य में संचालित कावड़ यात्रा, बेहद चुनौतीपूर्ण चारधाम यात्रा, हेमकुण्ड यात्रा के संचालन को कुशलतापूर्वक अंजाम दे रहे हैं l एसडीआरएफ के कमांडेंट मणिकांत मिश्रा ने प्रेस को जारी बयान में बताया, ऐसे में मुश्किल हालातों में प्रदेश की SDRF यानी राज्य आपदा प्रतिवादन बल एक कुशल रक्षक की तर्ज पर हर मोर्चे पर अग्रणी होकर कार्य कर रही है। विगत कुछ दिनों में प्रदेश में हुई भारी बारिश से आम जनता को कई विकट परिस्थितियों का सामना करना पड़ रहा है। कहीं जलभराव के कारण लोग अपने जलमग्न घरों में फंस गए है तो कहीं भूस्ख...