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विकास और प्रकृति का संगम: वन्य जीवों का सुरक्षा कवच बना दिल्ली-दून वाइल्ड लाइफ कॉरिडोर

विकास और प्रकृति का संगम: वन्य जीवों का सुरक्षा कवच बना दिल्ली-दून वाइल्ड लाइफ कॉरिडोर

उत्तराखंड हलचल
 हिमांतर ब्यूरो, देहरादून आधुनिक विकास और पर्यावरण संरक्षण के बीच संतुलन स्थापित करना अक्सर एक बड़ी चुनौती माना जाता है, लेकिन दिल्ली-दून एक्सप्रेस-वे पर बना एलिवेटेड वाइल्ड लाइफ कॉरिडोर इस चुनौती का एक प्रेरणादायक समाधान बनकर उभरा है। लगभग 12 किलोमीटर लंबा यह कॉरिडोर एशिया का सबसे लंबा एलिवेटेड वाइल्ड लाइफ कॉरिडोर माना जा रहा है, जो अब वन्य जीवों के लिए एक सुरक्षित “ग्रीन पासेज” का काम करेगा।यह परियोजना सिर्फ एक सड़क निर्माण नहीं, बल्कि प्रकृति के साथ सह-अस्तित्व का एक दूरदर्शी प्रयास है—जहां विकास की रफ्तार और जंगल की सांसें साथ-साथ चलती हैं। जंगल के बीच से गुजरता संतुलन का रास्ता दिल्ली-दून एक्सप्रेस-वे का अंतिम 20 किलोमीटर हिस्सा उत्तर प्रदेश के शिवालिक वन क्षेत्र और उत्तराखंड के राजाजी टाइगर रिजर्व जैसे संवेदनशील जंगलों से होकर गुजरता है। यही वह क्षेत्र है जहां हा...
गंगाड़ शिविर में शिक्षक की गैरहाजिरी पर हंगामा, डीएम ने दिए जांच के आदेश

गंगाड़ शिविर में शिक्षक की गैरहाजिरी पर हंगामा, डीएम ने दिए जांच के आदेश

उत्तराखंड हलचल
 हिमांतर ब्यूरो, पुरोला (उत्तरकाशी)जनपद के सुदूर मोरी विकासखंड की ग्राम पंचायत गंगाड़ में आयोजित बहुउद्देशीय शिविर में ग्रामीणों ने ओसला में तैनात एक शिक्षक के लंबे समय से स्कूल से गैरहाजिर रहने का गंभीर मुद्दा उठाया. ग्रामीणों का कहना है कि शिक्षक की अनुपस्थिति से विद्यालय का संचालन प्रभावित हो रहा है और बच्चों की पढ़ाई बाधित हो रही है. इस पर जिलाधिकारी प्रशांत आर्य ने मामले को गंभीरता से लेते हुए खंड शिक्षाधिकारी को तत्काल मौके पर निरीक्षण कर सत्यापन करने और शिकायत सही पाए जाने पर आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए. शिविर में कुल 33 शिकायतें दर्ज की गईं, जिनमें दूरसंचार (मोबाइल कनेक्टिविटी), विद्युत आपूर्ति और सड़क जैसी बुनियादी समस्याएं प्रमुख रहीं. जिलाधिकारी की अध्यक्षता और विधायक दुर्गेश लाल की मौजूदगी में ग्रामीणों ने तालुका–गंगाड़ मोटर मार्ग को सुचारू करने की मांग भी प...
यमुना घाटी में गैस संकट गहराया, सिलिंडर के लिए रातभर लगी कतारें

यमुना घाटी में गैस संकट गहराया, सिलिंडर के लिए रातभर लगी कतारें

उत्तरकाशी
 नीरज उत्तराखंडी, नौगांव/बड़कोट/उत्तरकाशीयमुना घाटी के बड़कोट और नौगांव क्षेत्र में रसोई गैस का गंभीर संकट गहराता जा रहा है. हालात ऐसे हैं कि उपभोक्ताओं को गैस सिलिंडर के लिए रातभर कतारों में खड़ा रहना पड़ रहा है, इसके बावजूद कई लोग खाली हाथ लौटने को मजबूर हैं. रामलीला मैदान में रातभर जमी कतारें बड़कोट नगर क्षेत्र में शनिवार को गैस मिलने की उम्मीद में बड़ी संख्या में उपभोक्ता रामलीला मैदान में एकत्र हुए. लोग रातभर लाइन में लगे रहे, लेकिन गैस आपूर्ति नहीं हो सकी. रविवार सुबह तक भी लंबी कतारें बनी रहीं. रविवार को भारत गैस की एक गाड़ी पहुंची, लेकिन भारी भीड़ के चलते अधिकांश उपभोक्ताओं को सिलिंडर नहीं मिल पाया. स्थिति को देखते हुए पुलिस की मौजूदगी में गैस वितरण कराया गया. वहीं, इंडेन गैस की गाड़ी न पहुंचने से लोगों में खासा आक्रोश है. उपभोक्ताओं का कहना है कि कई दिनों से इंड...
विस्सू मेले में झलकी जौनसार-बावर की समृद्ध परंपरा, शेडकुड़िया महाराज के दरबार में उमड़ा जनसैलाब

विस्सू मेले में झलकी जौनसार-बावर की समृद्ध परंपरा, शेडकुड़िया महाराज के दरबार में उमड़ा जनसैलाब

देहरादून
 नीरज उत्तराखंडी, त्यूणी (देहरादून)जौनसार-बावर क्षेत्र की आस्था, परंपरा और सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक विस्सू पर्व इस वर्ष भी पूरे हर्षोल्लास और पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ मनाया गया. त्यूणी क्षेत्र के राइगी स्थित चार महासू देवताओं के वजीर माने जाने वाले शूलाखंडी शेडकुड़िया महाराज के मंदिर में आयोजित विस्सू मेले में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया. मेले का मुख्य आकर्षण पारंपरिक ठोठा (ठोडा) नृत्य और निशानाबाजी रहा, जिसमें दोनों पक्षों के युवाओं ने पारंपरिक वेशभूषा में वीरता और कौशल का अद्भुत प्रदर्शन किया. ढोल-दमाऊं की थाप पर हुए इस आयोजन ने मेले में उपस्थित लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया. वहीं, क्षेत्र की महिलाओं—ध्यानटुड़ी और रंईणटुड़ियों—ने पारंपरिक परिधान में तांदी नृत्य प्रस्तुत कर सांस्कृतिक रंग को और भी प्रखर बना दिया. लोकगीतों और नृत्यों के माध्यम से महिलाओं न...
बड़कोट में फिर दिखा गुलदार, दो जगहों पर दस्तक से दहशत- वन विभाग से कार्रवाई की मांग

बड़कोट में फिर दिखा गुलदार, दो जगहों पर दस्तक से दहशत- वन विभाग से कार्रवाई की मांग

उत्तरकाशी
 नीरज उत्तराखंडी, बड़कोटबड़कोट क्षेत्र में एक बार फिर गुलदार की दस्तक से लोगों में भय और दहशत का माहौल बन गया है. अपर यमुना वन प्रभाग अंतर्गत बीते गुरुवार शाम दो अलग-अलग स्थानों पर गुलदार दिखाई देने की घटनाओं ने स्थानीय निवासियों की चिंता बढ़ा दी है. प्राप्त जानकारी के अनुसार, गुरुवार शाम कृष्णा गांव के निकट एक गुलदार देखा गया. वहीं दूसरी घटना शाम करीब साढ़े सात बजे बड़कोट नगर के वार्ड सात स्थित रतन पैलेस क्षेत्र में सामने आई, जहां गुलदार आबादी के बीच घूमता नजर आया. दोनों स्थानों पर गुलदार के दिखने से लोगों में दहशत फैल गई. प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, जैसे ही गुलदार दिखाई दिया, आसपास मौजूद लोगों ने शोर मचाया, जिसके बाद वह जंगल की ओर भाग गया. हालांकि, लगातार दो स्थानों पर उसकी मौजूदगी से क्षेत्र में उसकी सक्रियता बढ़ने के संकेत मिल रहे हैं. गौरतलब है कि यह पहली घटना नहीं ...
भीमताल में उप-तहसील सहित कई बड़ी घोषणाएं, CM पुष्कर सिंह धामी ने ‘स्पेक्ट्रम 2026’ का किया शुभारंभ

भीमताल में उप-तहसील सहित कई बड़ी घोषणाएं, CM पुष्कर सिंह धामी ने ‘स्पेक्ट्रम 2026’ का किया शुभारंभ

नैनीताल
 हिमांतर ब्यूरो, भीमताल/नैनीतालमुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को नैनीताल जनपद के भीमताल स्थित बिड़ला इंस्टीट्यूट ऑफ एप्लाइड साइंसेज में तीन दिवसीय तकनीकी एवं सांस्कृतिक वार्षिकोत्सव ‘स्पेक्ट्रम 2026’ का भव्य शुभारंभ किया. इस अवसर पर उन्होंने कंप्यूटर साइंस एवं इंजीनियरिंग विभाग के नवनिर्मित भवन का उद्घाटन भी किया. कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने क्षेत्रीय विकास के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं—भीमताल में उप-तहसील बनाए जाने की घोषणा ओखलकाण्डा के भीड़ापानी में आयुर्वेदिक चिकित्सालय की स्थापना विभिन्न स्वास्थ्य केंद्रों में एक्स-रे एवं अल्ट्रासाउंड मशीनें स्थापित की जाएंगी रामगढ़, धारी और ओखलकाण्डा में किसानों के लिए मंडी निर्माण लेटीबुंगा और सतबुंगा में कोल्ड स्टोरेज बनाए जाएंगे ककोड़ और दाड़िम में मिनी स्टेडियम निर्माण बिड़ला संस्थान में ड...
अग्निकांड पीड़ित को अब तक नहीं मिली राहत, मुख्यमंत्री से लगाई गुहार

अग्निकांड पीड़ित को अब तक नहीं मिली राहत, मुख्यमंत्री से लगाई गुहार

उत्तराखंड हलचल
नीरज उत्तराखंडी, आराकोट/मोरी (उत्तरकाशी)विकासखंड मोरी अंतर्गत आराकोट बंगाण क्षेत्र के थुनारा गांव निवासी हरदयाल सिंह राणा को भीषण अग्निकांड में तीन मंजिला मकान नष्ट होने के बावजूद अब तक कोई ठोस आर्थिक सहायता नहीं मिल पाई है. पीड़ित ने राज्य सरकार से मदद की गुहार लगाते हुए मुख्यमंत्री से शीघ्र मुआवजा और पुनर्वास की व्यवस्था करने की मांग की है. पीड़ित के अनुसार 6 दिसंबर 2025 को उनके बगीचे में अचानक आग लग गई, जिसने देखते ही देखते विकराल रूप धारण कर लिया. आग की चपेट में उनका कंक्रीट से बना तीन मंजिला मकान पूरी तरह जलकर राख हो गया. इस हादसे में घर में रखा अनाज, बिस्तर, सेब की खाली पेटियां और खेती के उपकरण पूरी तरह नष्ट हो गए.हरदयाल सिंह राणा के अनुसार इस अग्निकांड में उन्हें लगभग 40 से 50 लाख रुपये का नुकसान हुआ है. आग में चार बकरियां और दो खरगोश जिंदा जल गए, जबकि बगीचे में लगे करीब 40...
चारधाम यात्रा 2026: यमुनोत्री पैदल मार्ग का निरीक्षण, प्रशासन ने तेज की तैयारियां

चारधाम यात्रा 2026: यमुनोत्री पैदल मार्ग का निरीक्षण, प्रशासन ने तेज की तैयारियां

उत्तरकाशी
 हिमांतर ब्यूरो, बड़कोट/यमुनोत्री/ उत्तरकाशीआगामी 19 अप्रैल को अक्षय तृतीया के पावन अवसर पर यमुनोत्री और गंगोत्री धाम के कपाट खुलने से पूर्व जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आ रहा है. यात्रा को सुगम, सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने के लिए प्रशासन लगातार व्यवस्थाओं का जायजा ले रहा है. जिलाधिकारी प्रशांत आर्य के निर्देशों के क्रम में शुक्रवार को मुख्य विकास अधिकारी जय भारत सिंह ने जानकीचट्टी से यमुनोत्री धाम तक लगभग 6 किलोमीटर लंबे पैदल मार्ग का स्थलीय निरीक्षण किया. इस दौरान यमुनोत्री विधायक संजय डोभाल समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे. निरीक्षण के दौरान पेयजल, शौचालय, विद्युत आपूर्ति, रेन शेल्टर और रेलिंग जैसी बुनियादी सुविधाओं की स्थिति का जायजा लिया गया. सीडीओ ने साफ-सफाई को सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए सुलभ इंटरनेशनल और जिला पंचायत को यात्रा मार्ग एवं शौचालयों में...
त्यूणी की रुचिका चौहान बनीं आयकर अधीक्षक, बावर क्षेत्र में खुशी की लहर

त्यूणी की रुचिका चौहान बनीं आयकर अधीक्षक, बावर क्षेत्र में खुशी की लहर

देहरादून
 नीरज उत्तराखंडी, त्यूणी (देहरादून)जनपद देहरादून के त्यूणी क्षेत्र के बावर की प्रतिभाशाली बेटी रुचिका चौहान ने आयकर विभाग में आयकर अधीक्षक (IT Superintendent) पद पर चयनित होकर पूरे क्षेत्र को गौरवान्वित किया है. उनकी इस उपलब्धि से कोटी गांव सहित पूरे बावर क्षेत्र में खुशी की लहर दौड़ गई है.रुचिका चौहान, राजेन्द्र चौहान की पुत्री हैं. सीमित संसाधनों और पहाड़ी क्षेत्र की चुनौतियों के बावजूद उन्होंने कड़ी मेहनत, अटूट लगन और निरंतर संघर्ष के दम पर यह मुकाम हासिल किया. उनकी सफलता यह साबित करती है कि यदि लक्ष्य स्पष्ट हो और प्रयास सच्चे हों, तो कोई भी मंजिल दूर नहीं होती. संघर्ष से सफलता तक का सफर ग्रामीण परिवेश में पली-बढ़ी रुचिका ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा स्थानीय विद्यालय से पूरी की. पढ़ाई के प्रति समर्पण और अनुशासन ने उन्हें हमेशा आगे बढ़ाया. कठिन परिस्थितियों के बावजूद उन...
उत्तराखंड में महिला कृषि-उद्यमियों के सशक्तिकरण पर राष्ट्रीय संगोष्ठी, स्थानीय ज्ञान से सतत आजीविका पर जोर

उत्तराखंड में महिला कृषि-उद्यमियों के सशक्तिकरण पर राष्ट्रीय संगोष्ठी, स्थानीय ज्ञान से सतत आजीविका पर जोर

पौड़ी गढ़वाल
 हिमांतर ब्यूरो, श्रीनगर (गढ़वाल)हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल विश्वविद्यालय, श्रीनगर गढ़वाल में मोल्यार रिसोर्स फाउंडेशन के सहयोग तथा ग्रामीण प्रौद्योगिकी विभाग के तकनीकी सहयोग से “उत्तराखंड की महिला कृषि-उद्यमी: स्थानीय ज्ञान से वैश्विक दृष्टि तक सतत आजीविका” विषय पर राष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन किया गया। इस संगोष्ठी का उद्देश्य महिला सशक्तिकरण, ग्रामीण आजीविका संवर्धन एवं सतत विकास लक्ष्यों की दिशा में ठोस पहल करना रहा। कार्यक्रम का शुभारंभ पंजीकरण के उपरांत पारंपरिक दीप प्रज्वलन एवं कुलगीत के साथ हुआ। इस अवसर पर शिक्षाविदों, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों तथा चमोली, रुद्रप्रयाग, पौड़ी और टिहरी जनपदों से आई लगभग 20 महिला कृषि-उद्यमियों ने सहभागिता की। उद्घाटन सत्र में संगोष्ठी के संयोजक राजेंद्र सिंह नेगी ने स्वागत संबोधन में कहा कि अनुसंधान को केवल प्रयोगशालाओं तक सीमित ...