
पीएमएवाई (शहरी) के तहत 84 फीसदी आवास बनकर तैयार, मुख्यमंत्री धामी का लक्ष्य—“हर पात्र परिवार का हो अपना घर”
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में उत्तराखण्ड सरकार ने प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरी (पीएमएवाई-यू) को नई गति दी है। प्रदेश के जरूरतमंद एवं पात्र परिवारों का अपने आशियाने का सपना तेजी से साकार हो रहा है। आगामी दिसंबर माह तक 15 हजार से अधिक परिवारों को पक्की छत मिलने की उम्मीद है। आवास विभाग ने लंबित आवासीय परियोजनाओं को पूरा करने के लिए 30 सितंबर तक की समय-सीमा निर्धारित की है।
प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के तहत प्रत्येक पात्र परिवार को पक्का आवास उपलब्ध कराने के लिए राज्य सरकार प्रतिबद्ध है। सचिव आवास डॉ. आर. राजेश के अनुसार, प्रदेश में कुल 18 परियोजनाओं के अंतर्गत 15,496 आवासीय इकाइयों का निर्माण किया जा रहा है। इनमें से लगभग 84 फीसदी यानी 12,948 आवासों का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। वहीं, 1,271 आवासों की चाबियां लाभार्थियों को सौंपी जा चुकी हैं। इनमें रुड़की के 768 और हरिद्वार के 503 लाभार्थी शामिल हैं।
लंबित आवासीय परियोजनाओं को 30 सितंबर तक हर हाल में पूरा करने के निर्देश संबंधित कार्यदायी संस्थाओं को दिए गए हैं।
योजना के तहत कहां कितने आवास
ऊधमसिंह नगर
योजना के तहत सर्वाधिक 10,200 आवास ऊधमसिंह नगर जनपद में बनाए जा रहे हैं। इनमें रुद्रपुर हाउसिंग स्कीम के 1,872 आवास बनकर तैयार हो चुके हैं। इसके अलावा भवानीपुर (जसपुर) में 1,264, उकरौली-1 (सितारगंज) में 1,168, उकरौली-2 (सितारगंज) में 864, कनकपुर (काशीपुर) में 1,256, मटकोटा (रुद्रपुर) में 928, श्यामनगर (गदरपुर) में 928, महुवाखेड़ागंज में 824, मानपुर (काशीपुर) में 512 तथा गंगापुर गोसाल (काशीपुर) में 584 आवास पात्र लाभार्थियों को उपलब्ध कराए जाएंगे।
हरिद्वार
जनपद में कुल 4,528 आवासीय इकाइयों का निर्माण किया जा रहा है। इनमें मंगलौर में 544, झब्बरपुर में 448, अन्नेखी में 1,152, बेलड़ी (रुड़की) में 1,088, शिकारपुर में 768 तथा इंद्रलोक आवासीय योजना के तहत 528 आवास शामिल हैं।
नैनीताल
जनपद के उम्मेदनगर (रामनगर) में सभी 528 आवासीय इकाइयों का निर्माण पूरा किया जा चुका है।
देहरादून
जनपद में धौलास हाउसिंग स्कीम के तहत प्रस्तावित 240 आवासों में से 180 का निर्माण पूरा हो चुका है।
“प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के मंत्र ‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास’ के अनुरूप विकास योजनाओं का लाभ प्रत्येक पात्र व्यक्ति तक पहुंचाने के लिए हम संकल्पबद्ध हैं। प्रधानमंत्री आवास योजना गरीब परिवारों के सम्मान, सुरक्षा और बेहतर भविष्य की मजबूत नींव है। प्रदेश में हजारों गरीब एवं आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को इस योजना का सीधा लाभ मिला है। पात्र परिवारों को और अधिक सहायता प्रदान करने के लिए योजना में राज्य सरकार की हिस्सेदारी ₹50 हजार से बढ़ाकर ₹75 हजार की जा रही है।” — पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री, उत्तराखण्ड

योजना के तहत कहां कितने आवास