उत्तराखंड हलचल

वेड इन उत्तराखंड : त्रिजुगीनारायण में शादी के लिए दुनिया भर से आ रहे हैं जोड़े

वेड इन उत्तराखंड : त्रिजुगीनारायण में शादी के लिए दुनिया भर से आ रहे हैं जोड़े

रुद्रप्रयाग
शादियों के सीजन में रहती है एडवांस बुकिंग, इस साल अब तक 500 से अधिक शादियां हुईं रुद्रप्रयाग जनपद में स्थित, शिव- पार्वती का विवाहस्थल त्रिजुगीनारायण वैश्विक वेडिंग डेस्टिनेशन के तौर पर उभर रहा है. जहां देश विदेश से लोग सनातन परम्पराओं के अनुसार विवाह करने के लिए पहुंच रहे हैं. शादियों के सीजन में अब यहां हर महीने 100 से अधिक शादियां हो रही हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, कई मौकों पर डेस्टिनेशन वेडिंग के लिए उत्तराखंड की ब्रांडिंग कर चुके हैं. इसका असर, त्रिजुगीनारायण मंदिर में साफ तौर पर नजर आ रहा है. जहां लोग देश विदेश से डेस्टिनेशन वेडिंग के लिए पहुंच रहे हें. इससे यहां होटल कारोबारियों से लेकर पंडे पुजारियों, वेडिंग प्लानर, मांगल टीमों और ढोल दमौ वादकों सहित कई अन्य लोगों को काम मिल रहा है.प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील के बाद, उत्तराखंड में देश विदेश के लोग डेस्टिनेशन वेडिंग ...
जौलीग्रांट एयरपोर्ट में ‘हाउस ऑफ हिमालयाज’ के स्टोर का शुभारंभ

जौलीग्रांट एयरपोर्ट में ‘हाउस ऑफ हिमालयाज’ के स्टोर का शुभारंभ

देहरादून
हाउस आफ हिमालयाज के प्रमोशन और अन्य कामों के लिए भारत सरकार, उत्तराखंड में सेंटर ऑफ एक्सीलेंस बनाएगी : शिवराज सिंह चौहान देहरादून. अब देश - विदेश से उत्तराखंड आने वाले सैलानियों को एयरपोर्ट में ही उत्तराखंड के स्थानीय उत्पादों पर आधारित हाउस ऑफ हिमालयाज के उत्पाद मिल सकेंगे. केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान एवं मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंगलवार को जौलीग्रांट एयरपोर्ट, देहरादून में ‘हाउस ऑफ हिमालयाज’ स्टोर का शुभारंभ किया. इस स्टोर के खुलने से राज्य के स्थानीय उत्पादों को नई पहचान मिलेगी एवं स्थानीय उत्पादों की बिक्री से राज्य की आर्थिकी भी सशक्त होगी.हाउस ऑफ हिमालयाज के स्टोर खुलने से राज्य के उत्पादों को नई पहचान मिलेगी. यह स्टोर राज्य के किसानों, कारीगरों, महिलाओं और छोटे उद्यमियों के परिश्रम और हुनर का भी प्रतीक है. स्थानीय उत्पाद राज्य की संस्कृति, परंपरा और पहचान का भी ह...
केदारनाथ यात्रा: आस्था के साथ आत्मनिर्भरता का सफर

केदारनाथ यात्रा: आस्था के साथ आत्मनिर्भरता का सफर

रुद्रप्रयाग
हिमांतर ब्यूरो,रुद्रप्रयाग  उच्च हिमालय की गोद में बसा केदारनाथ धाम श्रद्धालुओं के लिए अपने कपाट खोलता है, तो केवल उनकी आस्था ही नहीं उमड़ती, साथ ही एक नई आर्थिक ऊर्जा भी पर्वतों में जाग उठती है। इस वर्ष भी केदारनाथ यात्रा ने न केवल धार्मिक, बल्कि सामाजिक और आर्थिक दृष्टि से उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग जिले की सैकड़ों महिलाओं को नया संबल दिया है।जहां एक ओर श्रद्धालु भगवान शिव के दर्शन हेतु कठिन चढ़ाई चढ़ते हैं, वहीं यात्रा मार्ग पर फैले महिला स्वयं सहायता समूहों की दुकानें, होमस्टे और जलपान गृह न केवल राहत देते हैं, बल्कि एक स्थानीय जीवनशैली की झलक भी प्रस्तुत करते हैं, जो "वोकल फॉर लोकल" की मिसाल बन चुकी है। एक यात्रा, कई अवसर: महिला समूहों का उद्यम इस वर्ष करीब 150 महिला समूह केदारनाथ यात्रा से जुड़ी विभिन्न गतिविधियों में सक्रिय हैं। प्रसाद पैकेजिंग, धूपबत्ती निर्माण, तिल-जौ ...
मंत्र उच्चारण के बीच विधि-विधान से खुले ग्यारहवें ज्योर्तिलिंग श्री केदारनाथ धाम के कपाट

मंत्र उच्चारण के बीच विधि-विधान से खुले ग्यारहवें ज्योर्तिलिंग श्री केदारनाथ धाम के कपाट

रुद्रप्रयाग
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी भी बने कपाट खुलने के साक्षी, सबसे पहली पूजा प्रधानमंत्री के नाम हुई सम्पन्न रुद्रप्रयाग स्थित विश्वप्रसिद्ध ग्यारहवें ज्योर्तिलिंग श्री केदारनाथ धाम के कपाट शुक्रवार को विधि-विधान से खुल गए हैं. मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी भी कपाट खुलने के साक्षी बने. मुख्यमंत्री ने कपाट खुलने पर केदारनाथ धाम में पूजा अर्चना कर प्रदेश में सुख, समृद्धि और शांति की कामना की. केदारनाथ धाम में सबसे पहली पूजा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम सम्पन्न हुई. मंत्र उच्चारण, हर हर महादेव के उदघोष एवं सेना के ग्रेनेडियर रेजीमेंट के बैंड की भक्तिमय धुनों के बीच बाबा केदार के कपाट सुबह 7 बजे खुले. मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कपाट खुलने  पर सभी देशवासियों को शुभकामनाएं दी. उन्होंने कहा राज्य के साथ ही संपूर्ण देश को इस पल की प्रतीक्षा रहती है. केदारनाथ धाम सनातन धर्मावलंबियों की धार्मि...
चारधाम यात्रा : केदार घाटी में आकर अभिभूत हो रहे श्रद्धालु

चारधाम यात्रा : केदार घाटी में आकर अभिभूत हो रहे श्रद्धालु

रुद्रप्रयाग
भगवान केदारनाथ की पंचमुखी उत्सव डोली पहुंची श्री केदारनाथ धाम केदारनाथ. गुरुवार को भगवान केदारनाथ की पंचमुखी उत्सव डोली श्री केदारनाथ धाम पहुंची. इस दौरान हजारों की संख्या में लोगों ने बाबा केदार का आशीर्वाद लिया. पंचमुखी उत्सव डोली के केदारघाटी के पहुंचते ही पूरी घाटी बाबा केदार के जयकारों से गूंज उठी. शुक्रवार को प्रातः काल बाबा केदारनाथ के कपाट खोल दिए जाएंगे. कपाट खुलने से पहले केदारनाथ पहुंचे श्रद्धालु बेहद खुश और भावुक नजर आए. उन्होंने केदारनाथ घाटी की सुंदरता,  सांस्कृत समृद्धि, हिम शिखरों से आच्छादित पहाड़ों को देख देवभूमि को नमन किया. साथ ही कई श्रद्धालुओं ने सरकार द्वारा की गई व्यवस्थाओं की भी जमकर सराहना की. पहली बार केदारनाथ आए बैंगलोर के सनी कुमार ने बताया कि पूरे ट्रैक में सारी व्यवस्थाओं का ध्यान रखा गया है. उन्होंने कहा पूरे ट्रैक साफ सफाई रखी गई है, भीड़ प्रबंधन पर भी वि...
शहीद केसरी चंद के जीवन की घटनाओं का दूरदर्शन पर होगा प्रसारण

शहीद केसरी चंद के जीवन की घटनाओं का दूरदर्शन पर होगा प्रसारण

देहरादून
 नीरज उत्तराखंडी विकास नगर. जौनसार बावर के क्यावा गांव में 1 नवंबर 1920 को जन्मे वीर शहिद केसरी चंद के जीवन पर आधारित विभिन्न घटनाओं का उत्तराखंड दूरदर्शन पर प्रसारण होगा. शहीद केसरी चंद का प्रारंभिक जीवन, पढ़ाई लिखाई एवं देश की उस समय की स्थिति और ब्रिटिश हुकूमत के जुल्मों की कहानी दूरदर्शन पर 3 मई को प्रसारित होगी. शहीद केसरी चंद के जीवन पर आधारित विभिन्न घटनाओं के बारे में चर्चा करने के लिए दूरदर्शन पर हुए साक्षात्कार में शहीद केसरी चंद के भतीजे टी.आर शर्मा ने कहा है कि मुझे प्रारंभिक दौर की वह घटनाएं याद है जब शहीद केसरी चंद अपने पढ़ाई के साथ-साथ गांव की खेती बाड़ी के कार्य भी करते थे. उन्होंने कहा है कि ब्रिटिश हुक्मरान लोगों को बेवजह परेशान करते थे. उन घटनाओं का वह खुलकर विरोध रोध करते थे, शहीद केसरी चंद बाल्यकाल से ही निर्भिक व देशभक्त थे. उन्होंने पढ़ाई के दौरान भी अने...
महिलाओं के हुनर से बाजार में चमक बिखेरते लोहे के बर्तन

महिलाओं के हुनर से बाजार में चमक बिखेरते लोहे के बर्तन

उत्तराखंड हलचल, चम्‍पावत
 डॉ. मोहन भुलानी चम्पावत जनपद में स्थित लोहाघाट छोटा सा कस्बा अपनी प्राचीन लौहशिल्प की क़ारीगरी के लिए सदियों से जाना जाता है. यहां की मिट्टी में मेहनत और हुनर की खुशबू बसी है. अगर आप परंपरा और आधुनिकता के अद्भुत समावेश को देखना चाहते हैं, तो लोहाघाट के ग्रोथ सेंटर में जरूर आएं. यकीन मानिए, यहां के लोगों, खासकर महिलाओं ने इस प्राचीन कला को नया रूप देकर उद्यमिता की एक शानदार मिसाल पेश की है. इस ग्रोथ सेंटर में कदम रखते ही लोहे को आग में तपाकर आकार देने की प्रक्रिया का जादू दिखेगा. यहां की महिलाएं तरह-तरह के उत्पाद बनाती हैं- कढ़ाई, तवा, तड़का पैन, डोसा तवा, और न जाने क्या-क्या. ये उत्पाद आज न केवल उत्तराखंड में, बल्कि दिल्ली, मुंबई, गोवा, पंजाब जैसे देश के कोने-कोने में अपनी पहचान बना रहे हैं. लोहाघाट का लोहा अब एक ब्रांड बन चुका है. नारायणी देवी, जो वर्षों से इस काम में जुटी ह...
श्रद्धालुओं के लिए खुले गंगोत्री और यमुनोत्री धाम के कपाट

श्रद्धालुओं के लिए खुले गंगोत्री और यमुनोत्री धाम के कपाट

उत्तरकाशी
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नाम से दोनों धामों में की गई पहली पूजा  गंगोत्री और यमुनोत्री धाम के कपाट बुधवार को अक्षय तृतीया के पावन पर्व पर वैदिक मंत्रोच्चारण और पूजा-अर्चना के साथ श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोल दिए गए. इसके साथ ही उत्तराखण्ड की चारधाम यात्रा 2025 का भी शुभारंभ हो गया है. मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने दोनों धामों में कपाटोद्घाटन समारोह में संकल्प लेकर प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नाम से पहली पूजा की और चारधाम यात्रा के सफल आयोजन तथा देश-प्रदेश की सुख समृद्धि एवं खुशहाली की मंगल कामना की है. श्री पुष्कर सिंह धामी यमुनोत्री धाम के कपाटोद्घाटन में पहुंचने वाले पहले मुख्यमंत्री हैं. इस अवसर पर गंगोत्री एवं यमुनोत्री मंदिर के ऊपर हैलीकॉप्टर से पुष्प वर्षा की गई.   दोनों धामों में कपाटोद्घाटन के अवसर पर मुख्यमंत्री ने की विशेष पूजा-अर्चना. यमुनोत्री धाम के कपाटो...
कल अक्षय तृतीय के शुभ मुहूर्त पर खुलेंगे गंगोत्री-यमुनोत्री के कपाट

कल अक्षय तृतीय के शुभ मुहूर्त पर खुलेंगे गंगोत्री-यमुनोत्री के कपाट

उत्तरकाशी
माँ गंगा की उत्सव डोली शीतकालीन प्रवास मुखीमठ से गंगोत्री धाम के लिए हुई रवानाहिमांतर ब्यूरो, उत्तरकाशीमां गंगा की उत्सव डोली आज मुखवा (मुखीमठ) से सुरक्षा व्यवस्था के बीच डोल-नगाड़ों व आर्मी बैंड की धुन में हजारों श्रद्धालुओं के साथ "हर-हर गंगे, जय माँ गंगे" के जयकारों के साथ गंगोत्री धाम के लिए प्रस्थान कर चुकी है, मां गंगा का रात्रि विश्राम आज भैरवघाटी स्थित भैरव मंदिर में होगा, कल प्रातः मां गंगा जी की उत्सव डोली भैरव मंदिर से गंगोत्री धाम के लिए प्रस्थान करेंगी। कल अक्षय तृतीया के पावन पर्व पर ठीक 10 बजकर 30 मिनट पर गगोत्री धाम के कपाट श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खुल जायेंगे। मां गंगा जी की उत्सव डोली आज पूर्वाह्न 11.57 बजे अपने शीतकालीन प्रवास स्थल मुखवा गांव से विधिवत पूजा-अर्चना के बाद गंगोत्री धाम के लिए रवाना हुई। डोली आज रात्रि विश्राम हेतु भैरव मंदिर (भैरवघाटी) में रुकेगी...
कुंभ 2027 और चारधाम यात्रा की तैयारियों में जुटी धामी सरकार

कुंभ 2027 और चारधाम यात्रा की तैयारियों में जुटी धामी सरकार

देहरादून
सचिव डॉ. राजेश कुमार ने किया हरिद्वार/ऋषिकेश में कई जगहों का स्थलीय निरीक्षण चारधाम यात्रा 2025 और हरिद्वार में वर्ष 2027 में होने जा रहे कुंभ मेला की तैयारियों को लेकर सचिव चिकित्सा स्वास्थ्य एवं सिंचाई डॉ. आर. राजेश कुमार ने हरिद्वार पहुंचकर संबंधित अधिकारियों के साथ व्यापक स्थलीय निरीक्षण किया. निरीक्षण के दौरान प्रस्तावित घाटों, सड़कों, पुलों, निर्माण कार्यों और बुनियादी ढांचे की तैयारियों का जायज़ा लिया गया. डॉ. कुमार ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी के स्पष्ट निर्देश हैं कि श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए और सभी कार्य निर्धारित समयसीमा और उच्च गुणवत्ता के साथ पूर्ण किए जाएं. उन्होंने चेतावनी दी कि किसी भी स्तर पर लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारी के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी. निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी/मेलाधिकारी, उप-जिलाधिकारी, म...