Author: Himantar

हिमालय की धरोहर को समेटने का लघु प्रयास
डाटमीर बना नशामुक्ति की मिसाल, ग्रामसभा ने शराब-चरस समेत सभी नशीले पदार्थों पर लगाया पूर्ण प्रतिबंध

डाटमीर बना नशामुक्ति की मिसाल, ग्रामसभा ने शराब-चरस समेत सभी नशीले पदार्थों पर लगाया पूर्ण प्रतिबंध

उत्तरकाशी
नीरज उत्तराखंडी, पुरोलाविकासखंड मोरी के सुदूरवर्ती ग्राम डाटमीर ने नशामुक्त समाज की दिशा में एक अनुकरणीय पहल करते हुए ग्रामसभा की आम बैठक में गांव को पूर्णतः नशामुक्त घोषित करने का सर्वसम्मत निर्णय लिया है। ग्रामसभा ने शराब, अफीम, स्मैक, चरस, गांजा, नशीली गोलियों सहित सभी प्रकार के मादक पदार्थों के सेवन, खरीद-बिक्री एवं सार्वजनिक रूप से नशे से जुड़ी गतिविधियों पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने का फैसला किया है। सोमेश्वर महादेव चौक पर आयोजित ग्रामसभा की बैठक में महिलाओं, बुजुर्गों और युवाओं ने एकमत होकर संकल्प लिया कि गांव में किसी भी प्रकार के नशे को बढ़ावा नहीं दिया जाएगा। साथ ही सार्वजनिक स्थानों पर ताश खेलने पर भी पूर्ण प्रतिबंध लगाने का निर्णय लिया गया। ग्रामसभा ने यह भी तय किया कि नशे की हालत में सार्वजनिक स्थानों पर अशांति फैलाना, झगड़ा करना अथवा अभद्र व्यवहार करना पूरी तरह वर्जित होगा। ...
उत्तराखंड के ‘पूर्ण साक्षर राज्य’ बनने पर केंद्रीय शिक्षा मंत्री ने दी बधाई

उत्तराखंड के ‘पूर्ण साक्षर राज्य’ बनने पर केंद्रीय शिक्षा मंत्री ने दी बधाई

देहरादून
राज्य ने उल्लास (नव भारत साक्षरता कार्यक्रम) के तहत हासिल की ऐतिहासिक उपलब्धिहिमांतर ब्यूरो, देहरादूनउत्तराखण्ड के ‘पूर्ण साक्षर राज्य’ बनने की ऐतिहासिक उपलब्धि पर केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने राज्य सरकार को बधाई एवं शुभकामनाएं प्रेषित की हैं। उन्होंने इस उपलब्धि को प्रदेश की सामूहिक प्रतिबद्धता, दूरदर्शी नेतृत्व तथा शिक्षा के प्रति जनसहभागिता का उत्कृष्ट उदाहरण बताया। केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को भेजे अपने बधाई संदेश में कहा कि दुर्गम एवं विषम भौगोलिक परिस्थितियों के बावजूद उत्तराखण्ड ने उल्लास (नव भारत साक्षरता कार्यक्रम) के अंतर्गत निर्धारित समय से पूर्व ‘पूर्ण साक्षर राज्य’ का दर्जा प्राप्त कर पूरे देश के लिए प्रेरणादायी मिसाल कायम की है। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि राज्य सरकार के प्रभावी नेतृत्व, शिक्षा विभाग के अधिकारिय...
देश के पहले लेखक गांव में आयुर्वेद विशेषज्ञों का राष्ट्रीय मंथन, शोध और नवाचार पर जोर

देश के पहले लेखक गांव में आयुर्वेद विशेषज्ञों का राष्ट्रीय मंथन, शोध और नवाचार पर जोर

देहरादून
हिमांतर ब्यूरो, देहरादूनदेहरादून। हिमालयीय आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज एवं चिकित्सालय, डोईवाला की ओर से शनिवार को देश के पहले लेखक गांव, थानों में एक दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन 'हिम आयु स्पर्श–2026' का आयोजन किया गया। सम्मेलन का विषय "आयुर्वेद शल्य-शालाक्य तंत्र में नवाचार" रहा, जिसमें देशभर से आए आयुर्वेद विशेषज्ञों, शिक्षाविदों, चिकित्सकों और शोधार्थियों ने भाग लिया। कार्यक्रम का शुभारंभ उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री, पूर्व केंद्रीय शिक्षा मंत्री एवं लेखक गांव के संस्थापक डॉ. रमेश पोखरियाल 'निशंक' तथा पद्मश्री सम्मानित उत्तर प्रदेश आयुर्वेद विभाग के पूर्व निदेशक डॉ. के. के. ठकराल ने दीप प्रज्ज्वलन एवं भगवान धन्वंतरि के पूजन के साथ किया।संस्था के अध्यक्ष प्रो. प्रदीप कुमार भारद्वाज ने अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि प्रो. पी. जे. देशपांडे का जीवन और योगदान नई पीढ़ी के विद्यार्थियो...
खास खबर : उत्तराखण्ड गौरव सम्मान हेतु आवेदन आमंत्रित, 30 अगस्त तक करें आवेदन

खास खबर : उत्तराखण्ड गौरव सम्मान हेतु आवेदन आमंत्रित, 30 अगस्त तक करें आवेदन

उत्तरकाशी
 हिमांतर ब्यूरो, उत्तरकाशीउत्तराखण्ड शासन ने वर्ष 2026 के लिए प्रतिष्ठित "उत्तराखण्ड गौरव सम्मान पुरस्कार" हेतु पात्र व्यक्तियों से आवेदन आमंत्रित किए हैं। यह सम्मान उन महानुभावों को प्रदान किया जाएगा, जिनके उत्कृष्ट कार्यों से उत्तराखण्ड का नाम राष्ट्रीय या अंतरराष्ट्रीय स्तर पर गौरवान्वित हुआ हो, राज्य की प्रतिष्ठा बढ़ी हो अथवा जिन्होंने राज्य के विकास में उल्लेखनीय योगदान दिया हो। जिला प्रशासन के अनुसार शासन के निर्देशानुसार इच्छुक अभ्यर्थियों को निर्धारित प्रारूप पर आवेदन करना होगा। आवेदन पत्र में अंकित तथ्यों का जिलाधिकारी से सत्यापन कराने के बाद इसे सचिव, सामान्य प्रशासन विभाग, उत्तराखण्ड शासन, सचिवालय परिसर, सुभाष रोड, देहरादून-248001 के पते पर भेजना होगा।आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि 30 अगस्त 2026 निर्धारित की गई है। जिला प्रशासन ने जनपद के पात्र व्यक्तियों, संस्...
फिर महकेगी दून बासमती की खुशबू: 160 किसानों ने संभाली विरासत बचाने की जिम्मेदारी

फिर महकेगी दून बासमती की खुशबू: 160 किसानों ने संभाली विरासत बचाने की जिम्मेदारी

खेती-बाड़ी
  मुख्यमंत्री के संकल्प, जिला प्रशासन की पहल और किसानों की मेहनत से देहरादून की पहचान रही दून बासमती के पुनर्जीवन की नई कहानीनीरज उत्तराखंडी, देहरादूनकभी अपनी प्राकृतिक सुगंध और बेमिसाल स्वाद के कारण देश-विदेश में पहचान बनाने वाली दून बासमती एक समय विलुप्ति के कगार पर पहुंच गई थी। बदलती खेती, अधिक उत्पादन देने वाली किस्मों की बढ़ती मांग और घटते रकबे ने इस पारंपरिक धान को लगभग भुला दिया था। लेकिन अब उत्तराखंड की इसी ऐतिहासिक कृषि विरासत को फिर से जीवित करने की शुरुआत हो चुकी है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के संकल्प, जिला प्रशासन की योजनाबद्ध पहल और किसानों की बढ़ती भागीदारी ने दून बासमती की वापसी की नई उम्मीद जगाई है। वर्ष 2025 में हुए सफल ट्रायल के बाद इस बार इसकी खेती का दायरा बढ़ाकर 75 हेक्टेयर कर दिया गया है और 160 किसान इसकी खेती से जुड़ चुके हैं। यह पहल अब केवल एक क...
हिमालय की अनमोल धरोहर : बद्री गाय

हिमालय की अनमोल धरोहर : बद्री गाय

उत्तरकाशी
 डॉ. शम्भू प्रसाद नौटियाल विज्ञान शिक्षक पी एम श्री कमलाराम नौटियाल राजकीय आदर्श इंटर कॉलेज, धौंतरी (उत्तरकाशी) (राष्ट्रीय विज्ञान अकादमी भारत द्वारा उत्कृष्ट विज्ञान शिक्षक सम्मान 2022)   "प्रकृति अपने प्रत्येक क्षेत्र को उसकी भौगोलिक परिस्थितियों के अनुसार विशिष्ट जैविक संपदाएँ प्रदान करती है। हिमालय को जहाँ हिमाच्छादित पर्वत, निर्मल नदियाँ, घने वन और दुर्लभ औषधीय वनस्पतियाँ प्राप्त हुई हैं, वहीं बद्री गाय जैसी अनूठी देशी गौवंश नस्ल भी मिली है। यह केवल एक पशु नहीं, बल्कि हिमालय की संस्कृति, जैव विविधता, ग्रामीण अर्थव्यवस्था और सतत विकास की आधारशिला है।" आज जब पशुपालन का मूल्यांकन मुख्यतः दूध उत्पादन के आधार पर किया जाता है, तब बद्री गाय जैसे देशी पशुधन का वास्तविक महत्व अक्सर अनदेखा रह जाता है। यदि केवल प्रतिदिन उत्पादित दूध की मात्रा को सफलता का मानदंड माना जाए, तो...
Himalayan LEAF ने वीरों को पौधों से दी श्रद्धांजलि

Himalayan LEAF ने वीरों को पौधों से दी श्रद्धांजलि

देहरादून
  कारगिल विजय दिवस पर 'एक पौधा वीरों के नाम' अभियानहिमांतर ब्यूरो, देहरादूनहरभजवाला (देहरादून)। कारगिल विजय दिवस के अवसर पर सामाजिक संस्था Himalayan LEAF द्वारा हरभजवाला क्षेत्र में "एक पौधा वीरों के नाम" अभियान के तहत वृक्षारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के माध्यम से कारगिल युद्ध के अमर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया। कार्यक्रम में संस्था के पदाधिकारियों, बच्चों और स्थानीय नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। सभी प्रतिभागियों ने विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाए और उनके संरक्षण एवं नियमित देखभाल का संकल्प लिया। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित लोगों ने कारगिल के वीर शहीदों को श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए उनके अदम्य साहस, वीरता और सर्वोच्च बलिदान को नमन किया।इस अवसर पर संस्था के संस्थापक एवं अध्यक्ष हरीश सनवाल ने कहा कि कारगि...
कारगिल विजय दिवस पर देशभक्ति की दौड़: कोटद्वार में 650 से अधिक धावकों ने शहीदों को दी श्रद्धांजलि

कारगिल विजय दिवस पर देशभक्ति की दौड़: कोटद्वार में 650 से अधिक धावकों ने शहीदों को दी श्रद्धांजलि

उत्तराखंड हलचल
 हिमांतर ब्यूरो, कोटद्वार कारगिल विजय दिवस की 27वीं वर्षगांठ पर शनिवार को कण्वनगरी कोटद्वार देशभक्ति और उत्साह के रंग में रंगी नजर आई। जय देवभूमि फाउंडेशन द्वारा आयोजित चतुर्थ मिनी हाफ मैराथन में 650 से अधिक धावकों ने भाग लेकर कारगिल के अमर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की। आयोजन का उद्देश्य युवाओं में राष्ट्रभक्ति, फिटनेस और खेल संस्कृति को बढ़ावा देना रहा। बड़ी संख्या में विद्यार्थियों, युवाओं, सैनिकों और नागरिकों की भागीदारी ने कार्यक्रम को यादगार बना दिया। मैराथन का शुभारंभ प्रातः देवी मंदिर, कोटद्वार से हुआ, जबकि समापन मिनी स्टेडियम, मोटाढांग में हुआ। पूरे मार्ग में प्रतिभागियों का जोश और देशभक्ति का उत्साह देखते ही बन रहा था। प्रतियोगिता में विद्यालय स्तर के जूनियर (कक्षा 6 से 8), सीनियर (कक्षा 9 से 12), ओपन वर्ग के प्रतिभागियों के साथ गढ़वाल राइफल्स एमटी कैंप के सैनिक...
जौनसार-बावर के रणवीर सिंह चौहान बने उत्तराखंड के वित्त सचिव, क्षेत्र में खुशी की लहर

जौनसार-बावर के रणवीर सिंह चौहान बने उत्तराखंड के वित्त सचिव, क्षेत्र में खुशी की लहर

देहरादून
  2009 बैच के आईएएस अधिकारी को मिली अहम जिम्मेदारी, क्वाणू गांव के निवासी हैं रणवीर सिंह चौहानहिमांतर ब्यूरो, (जौनसार-बावर) देहरादूनदेहरादून। उत्तराखंड सरकार द्वारा किए गए हालिया प्रशासनिक फेरबदल में 2009 बैच के वरिष्ठ आईएएस अधिकारी रणवीर सिंह चौहान को राज्य का वित्त सचिव (सेक्रेटरी, फाइनेंस) नियुक्त किया गया है। उनकी नियुक्ति के बाद उनके गृह क्षेत्र जौनसार-बावर में खुशी का माहौल है। क्षेत्र के सामाजिक संगठनों, जनप्रतिनिधियों और बुद्धिजीवियों ने इसे पूरे क्षेत्र के लिए गौरव का विषय बताया है।रणवीर सिंह चौहान जौनसार-बावर क्षेत्र के क्वाणू गांव के मूल निवासी हैं। उन्होंने अपने प्रशासनिक कार्यकाल के दौरान चीनी उद्योग, गन्ना विकास, पेयजल विभाग तथा मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) के उपाध्यक्ष सहित कई महत्वपूर्ण विभागों में सेवाएं दी हैं। प्रशासनिक क्षेत्र में उनकी पह...
ज्ञान, सम्मान और बाज़ार से जुड़े किसान, अनिरुद्ध किसान सम्मेलन बना नई उम्मीद का मंच

ज्ञान, सम्मान और बाज़ार से जुड़े किसान, अनिरुद्ध किसान सम्मेलन बना नई उम्मीद का मंच

देहरादून
  500 से अधिक किसानों की भागीदारी, 24 प्रगतिशील किसान सम्मानित; आधुनिक तकनीक, वित्त और महिला सशक्तिकरण पर मंथनहिमांतर ब्यूरो, देहरादूनउत्तराखंड के किसानों को आधुनिक कृषि, बेहतर बाज़ार और वित्तीय संसाधनों से जोड़ने की दिशा में गुरुवार को विकासनगर स्थित अनिरुद्ध आश्रम में आयोजित दो दिवसीय 'उत्तराखंड अनिरुद्ध किसान सम्मेलन' किसानों के लिए नई उम्मीद लेकर आया। स्वर्गीय अनिरुद्ध कुमार की स्मृति में आयोजित इस सम्मेलन में प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए 500 से अधिक किसानों ने भाग लिया। सम्मेलन में कृषि विशेषज्ञों, बैंकिंग संस्थानों, वैज्ञानिकों, जनप्रतिनिधियों और ग्रामीण उद्यमियों ने किसानों के साथ सीधे संवाद कर उन्हें आधुनिक खेती, वित्तीय योजनाओं और बाजार से जुड़ने के नए अवसरों की जानकारी दी। सम्मेलन का आयोजन Kiwi Kisan Window (KIWI) के सह-संस्थापक अभिनव आहलूवालिया और नुपुर ने स्...