
हौसलों की उड़ान: उत्तराखंड की बेटी मीनाक्षी रावत ने रचा स्वर्णिम इतिहास
खेती-किसानी करने वाले परिवार की बेटी ने राष्ट्रीय अग्निशमन सेवा खेल प्रतियोगिता में जीते दो स्वर्ण पदक, अब ऑस्ट्रेलिया में तिरंगा लहराने की तैयारीहिमांतर ब्यूरो, नौगांव—बड़कोट (उत्तरकाशी)पहाड़ की बेटियों के हौसले जब बुलंद होते हैं, तो कठिन रास्ते भी उनकी मंजिल तक पहुंचने की सीढ़ियां बन जाते हैं। उत्तराखंड के एक छोटे से गांव से निकलकर राष्ट्रीय खेल मंच पर अपनी प्रतिभा का परचम लहराने वाली मीनाक्षी रावत ने इसे सच कर दिखाया है। उन्होंने साबित किया है कि सफलता बड़े शहरों की सुविधाओं की मोहताज नहीं होती। इसके लिए दृढ़ संकल्प, कठोर परिश्रम, अनुशासन और सपनों को साकार करने का साहस होना चाहिए।
सीमांत जनपद उत्तरकाशी के भाटिया गांव में खेती-किसानी करने वाले साधारण परिवार की बेटी मीनाक्षी रावत ने बेंगलुरु में आयोजित राष्ट्रीय अग्निशमन सेवा खेल प्रतियोगिता में दो स्वर्ण पदक जीतकर अपने परिवार,...
