Tag: उत्तरकाशी

सौरभ बहुगुणा बने उत्तरकाशी के प्रभारी मंत्री, विकास कार्यों को मिलेगी नई दिशा

सौरभ बहुगुणा बने उत्तरकाशी के प्रभारी मंत्री, विकास कार्यों को मिलेगी नई दिशा

उत्तराखंड हलचल
हिमांतर ब्यूरो, उत्तरकाशी  प्रदेश सरकार ने जनपद उत्तरकाशी के लिए नई जिम्मेदारी तय करते हुए सौरभ बहुगुणा को प्रभारी मंत्री नियुक्त किया है। उनके इस मनोनयन से जनपद में विकास कार्यों को नई गति मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। राजनीतिक और प्रशासनिक अनुभव से समृद्ध सौरभ बहुगुणा के नेतृत्व में उत्तरकाशी में आधारभूत सुविधाओं, पर्यटन, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की संभावना है। स्थानीय जनप्रतिनिधियों और नागरिकों ने विश्वास व्यक्त किया है कि उनके मार्गदर्शन में जिले की विकास योजनाएं अधिक प्रभावी ढंग से लागू होंगी। जनपदवासियों का मानना है कि प्रभारी मंत्री के रूप में उनकी सक्रियता से चारधाम यात्रा, सड़क संपर्क, आपदा प्रबंधन और ग्रामीण विकास जैसे अहम क्षेत्रों में ठोस सुधार देखने को मिलेंगे। साथ ही युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित करने पर भी विशेष ध्यान दिए जान...
मोरी उत्तरकाशी में आकाशीय बिजली का कहर: एक दर्जन से अधिक भेड़-बकरियों की मौत

मोरी उत्तरकाशी में आकाशीय बिजली का कहर: एक दर्जन से अधिक भेड़-बकरियों की मौत

उत्तरकाशी
 नीरज उत्तराखंडी, मोरी (उत्तरकाशी)विकासखण्ड मोरी के सला गांव के जंगलों में शनिवार को आकाशीय बिजली गिरने से बड़ा हादसा हो गया। इस प्राकृतिक आपदा में एक दर्जन से अधिक भेड़-बकरियों की मौत हो गई, जिससे स्थानीय पशुपालकों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, शनिवार को क्षेत्र में अचानक मौसम ने करवट ली और तेज बारिश के साथ आकाशीय बिजली गिरने लगी। उसी दौरान ग्राम कासला के पशुपालक—चैन सिंह (पुत्र जोत सिंह), संदीप (पुत्र चैन सिंह), नारायण सिंह (पुत्र चैन सिंह) और विक्रम सिंह (पुत्र जोत सिंह)—की भेड़-बकरियां सला गांव के जंगलों में चर रही थीं। अचानक गिरी बिजली की चपेट में आने से मौके पर ही एक दर्जन से अधिक पशुओं की मौत हो गई। बताया जा रहा है कि इन दिनों कासला गांव के पशुपालक अपने मवेशियों को चरान-चुगान के लिए मोरी क्षेत्र के सला गांव के जंगलों में ले जाते हैं...
उत्तरकाशी पुलिस की त्वरित कार्रवाई से लौटी परिजनों की मुस्कान, रोहड़ू से सकुशल बरामद हुए चार मासूम

उत्तरकाशी पुलिस की त्वरित कार्रवाई से लौटी परिजनों की मुस्कान, रोहड़ू से सकुशल बरामद हुए चार मासूम

उत्तराखंड हलचल
 हिमांतर ब्यूरो,  मोरी/उत्तरकाशीघर से बिना बताए लापता हुए चार मासूम बच्चों को उत्तरकाशी पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए हिमाचल प्रदेश के रोहड़ू क्षेत्र से सकुशल बरामद कर उनके परिजनों के सुपुर्द कर दिया। बच्चों की सुरक्षित वापसी से परिजनों ने राहत की सांस ली और पुलिस का आभार जताया। जानकारी के अनुसार, बीते 11 मार्च को चौकी आराकोट, थाना मोरी में एक व्यक्ति ने सूचना दी कि उसके चार बच्चे, जिनकी उम्र लगभग 12 से 15 वर्ष के बीच है, 10 मार्च को घर से बिना बताए कहीं चले गए हैं और वापस नहीं लौटे। बच्चों के अचानक लापता होने से परिवार में हड़कंप मच गया। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक उत्तरकाशी श्रीमती कमलेश उपाध्याय के निर्देशन तथा पुलिस उपाधीक्षक जनक सिंह पंवार के निकट पर्यवेक्षण में थानाध्यक्ष मोरी दीपक रावत के नेतृत्व में तत्काल एक पुलिस टीम का गठन कर बच्चों की तल...
अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर राजुली बत्रा को “विज्ञान प्रयोगधर्मी महिला सम्मान 2026”, संस्कृति और शिक्षा में योगदान की सराहना

अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर राजुली बत्रा को “विज्ञान प्रयोगधर्मी महिला सम्मान 2026”, संस्कृति और शिक्षा में योगदान की सराहना

उत्तरकाशी
 नीरजउत्तराखंडी, पुरोला/उत्तरकाशीउत्तरकाशी जनपद के पुरोला क्षेत्र की लोक गायिका, कवयित्री और मैक्रम डिजाइन प्रशिक्षिका राजुली बत्रा आज क्षेत्र की महिलाओं और युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बन चुकी हैं। अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस 2026 के अवसर पर उन्हें “विज्ञान प्रयोगधर्मी महिला सम्मान 2026” से सम्मानित किया गया। यह सम्मान उनके लंबे संघर्ष, सामाजिक योगदान और सांस्कृतिक संरक्षण के कार्यों की महत्वपूर्ण पहचान है। मटियानी (दुडोनी) में जन्मी और मंजियाली (नौगांव) में ससुराल होने के बावजूद राजुली बत्रा ने अपने जीवन में अनेक चुनौतियों का सामना करते हुए शिक्षा, संस्कृति और सामाजिक जागरूकता के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य किया है।बचपन से ही संस्कृति के संरक्षण का संकल्प राजुली बत्रा ने वर्ष 2001 में मटियाली छानी में छोटे-छोटे बच्चों के साथ मिलकर रामलीला का आयोजन शुरू करवाया। इस राम...
सरुताल ट्रेक उत्तरकाशी: ट्रेक ऑफ द ईयर 2024, पर्यटन और रोजगार की नई उम्मीद

सरुताल ट्रेक उत्तरकाशी: ट्रेक ऑफ द ईयर 2024, पर्यटन और रोजगार की नई उम्मीद

उत्तरकाशी
  पर्यटन की अपार संभावनाएं समेटे सर बडियारनीरज उत्तराखंडी, उत्तरकाशी उत्तरकाशी जनपद के विकासखंड पुरोला अंतर्गत सीमांत उच्च हिमालयी क्षेत्र सर बडियार में स्थित सरुताल ट्रेक पर्यटन एवं रोजगार की अपार संभावनाएं समेटे हुए है। यह ट्रेक न केवल साहसिक पर्यटन का केंद्र बन सकता है, बल्कि स्थानीय ग्रामीणों के लिए आजीविका का मजबूत स्रोत भी साबित हो सकता है। उत्तराखंड सरकार द्वारा इसे 2024 में ट्रेक ऑफ द ईयर घोषित किए जाने के बाद अब इसकी प्रसिद्धि बढ़ रही है और विकास की दिशा में कदम तेज हो गए हैं। आवश्यकता है इसे पूर्ण रूप से पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने की, ताकि पर्यटन को नए पंख लगें और दूरस्थ गांवों में आर्थिक उन्नति हो। सरुताल ट्रेक उत्तरकाशी के सर बडियार क्षेत्र (सरनौल-सोतरी या आसपास के गांवों से शुरू) एक अद्वितीय हिमालयी पदयात्रा है, जो लगभग 40+ किलोमीटर लंबा है और सामान्यतः 5 स...
यमुना घाटी के लाल CA अरविंद सिंह रावत बने आईसीएआई देहरादून के सचिव, CA अंकित गुप्ता अध्यक्ष निर्वाचित

यमुना घाटी के लाल CA अरविंद सिंह रावत बने आईसीएआई देहरादून के सचिव, CA अंकित गुप्ता अध्यक्ष निर्वाचित

देहरादून
 हिमांतर ब्यूरो, देहरादूनThe Institute of Chartered Accountants of India (आईसीएआई) की सेंट्रल इंडिया रीजनल काउंसिल (सीआईआरसी) की देहरादून शाखा की नई कार्यकारिणी घोषित कर दी गई है। इसमें अंकित गुप्ता को अध्यक्ष तथा अरविंद सिंह रावत को सचिव निर्वाचित किया गया है। इसके अतिरिक्त, जस्मीत सिंह चौधरी को उपाध्यक्ष और प्रणय सेठ को कोषाध्यक्ष चुना गया है। वहीं, साहेब आनंद को चार्टर्ड अकाउंटेंट्स स्टूडेंट्स एसोसिएशन (सीआईसीएएसए) का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है, जबकि परिमल पटेट को कार्यकारिणी समिति का सदस्य मनोनीत किया गया है। नव-निर्वाचित अध्यक्ष अंकित गुप्ता ने सभी सदस्यों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि नई कार्यकारिणी पेशेवर उत्कृष्टता को बढ़ावा देने, सतत शिक्षण कार्यक्रमों के संचालन और सदस्यों के हितों की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि पारदर्शिता, सामूहिक नेतृत्व और ...
पुरोला में बीमार महिला को डंडी-कंडी से सड़क तक पहुंचाया, 108 से दून अस्पताल रेफर

पुरोला में बीमार महिला को डंडी-कंडी से सड़क तक पहुंचाया, 108 से दून अस्पताल रेफर

उत्तरकाशी
 नीरज उत्तराखंडी, पुरोला  उत्तराखंड के जनपद उत्तरकाशी के पुरोला विकासखंड स्थित सुदूरवर्ती ग्राम पंचायत सांखाल में स्वास्थ्य सुविधाओं के अभाव की एक मार्मिक घटना सामने आई है. गांव की निवासी इन्द्री देवी का अचानक स्वास्थ्य बिगड़ने पर ग्रामीणों को उन्हें डंडी-कंडी के सहारे कई किलोमीटर पैदल सड़क तक पहुंचाना पड़ा. सड़क सुविधा के अभाव में पैदल ले जानी पड़ी मरीज सांखाल गांव में मोटर मार्ग न होने के कारण परिजन और ग्रामीण इन्द्री देवी को डंडी-कंडी के सहारे घेडिया बैंड तक लेकर पहुंचे. ऊबड़-खाबड़ पहाड़ी रास्तों और संकरी पगडंडियों के बीच यह सफर जोखिम भरा रहा. ग्रामीणों ने बारी-बारी से डंडी संभालते हुए मरीज को सुरक्षित सड़क मार्ग तक पहुंचाया.स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय पर यह प्रयास नहीं किया जाता तो मरीज की स्थिति और गंभीर हो सकती थी. निजी वाहन से बर्निगाड़, फिर 108 एम्बुले...
पगडंडी के सहरे विकास का सफर तय करने को मजबूर पोखरी गांववासी

पगडंडी के सहरे विकास का सफर तय करने को मजबूर पोखरी गांववासी

उत्तरकाशी
  पोखरी गांव नहीं पहुंचे सड़क सुविधा के पांवनीरज उत्तराखंडी, मोरी उत्तरकाशीजनपद उत्तरकाशी के सीमांत विकास खंड मोरी के पोखरी गांव आज भी सड़क सुविधा से वंचित है. ग्रामीण दुर्गम पंगड़ी के सहारे सफर करने को मजबूर हैं. यही वजह है कि बीते वीरवार को गांव को सड़क मार्ग से जोड़ने की मांग को ग्रामीणों ने उपजिलाधिकारी मुकेश रमोला माध्यम से मुखमंत्री को ज्ञापन भेजा है, जिसमें ग्रामीणों ने आगामी विधानसभा चुनाव से पहले सड़क स्वीकृत नहीं किए जाने पर आआंदोलन की चेतावनी दी है. ज्ञापन में कहा गया है कि मोरी क्षेत्र के दूरदराज क्षेत्र के अधिकांश गांव सड़क मार्च से जुड़ गए है. लेकिन तहसील मुख्यालय मोरी से महज 16 किमी दूरी पर स्थित 470 आबादी वाला पोखरी गांव आज तक सड़क जैसी बुनियादी सुविधा से बंचित है. जिससे ग्रामीणों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. ज्ञापन में कहा गया है कि पड़ो...
बाड़ाहाट कू थौलू : लोकआस्था, संस्कृति और विकास का संगम

बाड़ाहाट कू थौलू : लोकआस्था, संस्कृति और विकास का संगम

उत्तरकाशी
  कंडार देवता व हरि महाराज की डोलियों के सानिध्य में शुरू हुआ उत्तरकाशी का पौराणिक माघ मेला देवभूमि की संस्कृति के साथ छेड़–छाड़ की किसी को भी इजाजत नहीं : मुख्यमंत्री  उत्तरकाशी की पावन धरती पर मकर संक्रांति के साथ ही एक बार फिर लोकआस्था, परंपरा और संस्कृति का विराट उत्सव सजीव हो उठा. भागीरथी के तट पर बसे इस हिमालयी नगर में सुप्रसिद्ध माघ मेला—जिसे स्थानीय जनमानस “बाड़ाहाट कू थौलू” के नाम से जानता है—आज पूरे धार्मिक वैभव और सांस्कृतिक उल्लास के साथ प्रारंभ हुआ.बाड़ाहाट पट्टी के आराध्य कंडार देवता और बाड़ागड्डी क्षेत्र के हरि महाराज की डोलियों के सानिध्य में, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की उपस्थिति में इस पौराणिक मेले का विधिवत शुभारंभ हुआ. सप्ताह भर चलने वाला यह मेला केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि उत्तरकाशी की आत्मा, उसकी स्मृतियों और सदियों पुरानी लोक परंपराओं का जीवंत दस्...
शीतकालीन पर्यटन आत्मनिर्भर उत्तराखंड की मजबूत नींव: मुख्यमंत्री

शीतकालीन पर्यटन आत्मनिर्भर उत्तराखंड की मजबूत नींव: मुख्यमंत्री

उत्तरकाशी
  मुख्यमंत्री ने सांकरी में आयोजित विंटर फेस्टीवल का किया शुभारंभहिमांतर ब्यूरो, पुरोला उत्तरकाशीमुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को उत्तरकाशी जिले के सांकरी में आयोजित केदारकांठा पर्यटन तीर्थाटन शीतकालीन महोत्सव में प्रतिभाग किया. उन्होंने शीतकालीन पर्यटन को जन आंदोलन बनाने और उत्तराखंड को समृद्ध एवं आत्मनिर्भर बनाने में सहयोग का आह्वान करते हुए कहा कि शीतकालीन पर्यटन आत्मनिर्भर उत्तराखंड की मजबूत नींव है. तेजी से उभरते पर्यटन केंद्र सांकरी में आयोजित विंटर फेस्टिवल में पहुंचे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का पारंपरिक ऊनी परिधान पहनाकर भव्य स्वागत किया गया. मुख्यमंत्री ने केदारकांठा जाने वाले पर्यटक दल को हरी झंडी दिखाकर समारोह का शुभारंभ किया. इस अवसर पर उन्होंने स्थानीय निवासियों एवं पर्यटकों से संवाद किया तथा विंटर फेस्टिवल में विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉल...