देश—विदेश

असंसदीय शब्दावली मामले में राहुल गांधी के खिलाफ लोकसभा में विशेषाधिकार नोटिस

बीजेपी सांसद निशिकांत दुबे (BJP MP Nishikant Dubey) ने गुरुवार को राहुल गांधी (Rahul Gandhi) के खिलाफ लोकसभा (Lok Sabha) में ‘विशेषाधिकार का उल्लंघन’ और ‘सदन की अवमानना’ नोटिस दिया. दुबे ने ये विशेषाधिकार नोटिस संसद में अपने भाषण से लोगों को उकसाने के आरोप में कांग्रेस सांसद (Congress) के खिलाफ दिया है. लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला (Lok Sabha Speaker Om Birla) को लिखे अपने पत्र में निशिकांत दुबे ने आरोप लगाया कि वायनाड के सांसद गांधी द्वारा बुधवार को ‘दो-हिन्दुस्तान’ को लेकर की गई टिप्पणी को सदन की अवमानना के रूप में वर्गीकृत किया जाना चाहिए. उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेता ने संसद में असंसदीय शब्दावली का इस्तेमाल किया है, जो स्वीकार्य नहीं है.

गोड्डा से सांसद दुबे ने अपने भाषण में कहा, ‘भारत को राज्यों के संघ के रूप में वर्णित किया गया है, राष्ट्र के रूप में वर्णित नहीं किया गया है.’ दुबे ने राहुल गांधी के उस बयान को खोखली, निराधार और बचकानी हरकत बताया कि तमिलनाडु के लोग खुद को मौजूदा सरकार द्वारा शासित नहीं होने देंगे. बीजेपी सांसद ने कहा, ‘हर एक सांसद को संसद में बोलने और विभिन्न विषयों पर अपने विचार प्रकट करने का संवैधानिक अधिकार है. लेकिन शालीनता बनाए रखना भी प्रत्येक सदस्य के लिए सबसे महत्वपूर्ण कर्तव्यों में से एक है और ऐसा कुछ भी नहीं बोलना चाहिए जिससे किसी की गरिमा को ठेस पहुंचे और अगर ऐसा होता है तो इसे ‘सदन की अवमानना’ के रूप में वर्गीकृत किया जाना चाहिए.’

राहुल ने की खोखली और बचकानी टिप्पणी’

बीजेपी सांसद ने कहा, ‘मैंने ‘संघ एवं राज्य क्षेत्र’ से जुड़ी टिप्पणियों को लेकर राहुल गांधी के खिलाफ लोकसभा सचिवालय के समक्ष विशेषाधिकार हनन का नोटिस दिया है.’ दुबे के नोटिस के मुताबिक, ‘अपने भाषण में उन्होंने (राहुल ने) कहा था कि भारत को राज्यों का संघ कहा जाता है और भारत को एक राष्ट्र नहीं कहा जाता. उन्होंने (राहुल ने) यह खोखली एवं बचकानी टिप्पणी की है कि तमिलनाडु आदि के लोग वर्तमान सरकार या पार्टी को अपने ऊपर शासन की अनुमति कभी नहीं देंगे.’ नोटिस में कहा गया है, ‘राहुल गांधी की ये टिप्पणियां अन्य सांसदों और हमारे देश के नागरिकों को सीधे प्रसारण के जरिए यह ‘संकेत’ देने और ‘उकसाने’ का प्रयास है कि कोई भी राज्य यदि किसी एक विशेष राजनीतिक दल का शासन नहीं चाहे तो वह आसानी से हमारे ‘राष्ट्र’ से अलग हो सकता है.’

दुबे ने राहुल गांधी को ‘लिखित भाषण पढ़ने वाला’ और ‘ड्रॉइंग रूम का नेता’ करार देते हुए कहा कि ऐसा लगता है कि उन्होंने संविधान की प्रस्तावना को भी नहीं पढ़ा है जिसमें कहा गया है कि हम भारत के लोग, भारत को एक सम्प्रभुता सम्पन्न समाजवादी, धर्मनिरपेक्ष, लोकतांत्रिक गणराज्य बनाने के लिये संकल्पित हैं.’ BJP नेता ने कहा कि संविधान की प्रस्तावना में ‘गणराज्य’ शब्द के प्रयोग से पूरी तरह से स्पष्ट है कि भारत सभी अर्थों में एक ‘राष्ट्र’ है लेकिन यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि राहुल गांधी जैसे वरिष्ठ सांसद को यह साधारण सी बात समझ में नहीं आती. BJP सांसद ने कहा, ‘इसे ध्यान में रखते हुए मैं राहुल गांधी के खिलाफ विशेषाधिकार हनन और सदन की अवमानना का नोटिस दे रहा हूं. मैं आग्रह करता हूं कि लोकसभा के कामकाज, प्रक्रिया और आचार संबंधी नियमों के नियम 222 के तहत नोटिस को स्वीकार किया जाए.’ लोकसभा सचिवालय से जब सम्पर्क किया गया तो उसने दुबे का नोटिस प्राप्त होने की बात स्वीकार की लेकिन आगे की कार्रवाई पर कोई टिप्पणी करने से मना कर दिया.

Share this:

Related Posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *